Sarnath Shootout: सारनाथ थाना क्षेत्र में ट्रांसपोर्टर राजकुमार यादव की हत्या करने वाले दो अभियुक्तों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने सर्विलांस व साइबर सेल की मदद से दोनों अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी शार्प शूटर्स हैं।
डीसीपी वरुणा जोन अमित सिंह ने इस प्रकरण [Sarnath Shootout] का मंगलवार को डीसीपी कार्यलय पर खुलासा किया। दोनों आरोपियों के पास से पुलिस ने 32 बोर की एक पिस्टल, तीन जिंदा कारतूस, एक मोटरसाइकिल व एक कीपैड मोबाइल बरामद किया है। पुलिस अब इन दोनों के खिलाफ विधिक कार्यवाही की तैयारी में जुटी हुई है।
जानकारी के मुताबिक, सारनाथ थाना क्षेत्र के तिलमापुर मोड़ के पास 14 जुलाई 2023 को ट्रांसपोर्टर राजकुमार यादव को सुबह कहीं जाते समय बदमाशों ने गोली मार दी थी। जिसके दो दिनों बाद अस्पताल में उनकी मौत हो गई थी। इस मामले में मृतक की पत्नी ने मृतक के भाई समेत आठ लोगों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कराया था। इस घटना के बाद जमीनी विवाद [Sarnath Shootout] की बात भी सामने आई थी।

Sarnath Shootout: भाई है हिस्ट्रीशीटर
प्रकरण के मुताबिक, सारनाथ थाना क्षेत्र के तिलमापुर इलाके में 14 जुलाई की सुबह राजकुमार यादव अपनी स्कूटी से कहीं जा रहे थे। इस दौरान रंगीलदास पोखरा चौराहा के पास बाइक से आए बदमाशों ने राजकुमार को तीन गोली [Sarnath Shootout] मार दिया। पुलिस की जांच में पाया गया कि बदमाशों ने उन्हें पुरानी रंजिश में गोली मारी गई है।
घटना के बाद राजकुमार की पत्नी ज्योति यादव की तहरीर पर सारनाथ थाने में राजकुमार के छोटे भाई व आदमपुर थाने के हिस्ट्रीशीटर विजय समेत आठ लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास व अपराधिक षड्यंत्र रचने सहित अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। विजय यादव वर्तमान में गाजीपुर जेल में बंद है।
मृतक राजकुमार यादव जमीन की खरीद बिक्री के साथ ही ट्रांसपोर्ट का काम भी करते थे। रोज की तरह वह उस दिन को भी अपने छोटे बेटे को लेढ़ूपुर स्थित स्कूल स्कूटी से छोड़ने गए थे। बेटे को स्कूल छोडकर घर लौटते समय बदमाशों ने घटना को अंजाम दिया।
राजकुमार की पत्नी ज्योति के अनुसार, उनके पति की पुश्तैनी जमीन लेढ़ूपुर में जिसके लेकर उनके भाई से उनका विवाद चल रहा था। विजय यादव उस जमीन पर अवैध तरीके से कब्ज़ा करने के लिए गाजीपुर जेल से आए दिन फोन कर धमकाता रहता था। विजय यादव का सहयोग उसका सारंग तालाब निवासी उसका पार्टनर अनिल यादव करता है। अनिल भी प्रॉपर्टी डीलर है।
अनिल यादव ने जून महीने उसी जमीन को लेकर धमकी भी दी थी। ज्योति ने पुलिस को बताया कि विजय यादव ने ही हत्या की साजिश रची है। इसमें उसकी दो पत्नियां सोनी यादव व आरती यादव, उसका पार्टनर अनिल यादव, पिंटू यादव उर्फ़ आशुतोष, शिवम यादव, रोहित यादव और रविन्द्र ने सहयोग किया है।

