Pind Daan in Kashi : पितृपक्ष का दिन चल रहा है और शिव की नगरी काशी में इस वक़्त दूर-दराज से लोग अपने पित्तरों का तर्पण और उनका पिंडदान करने के लिए पहुंच रहें है। माना जाता है कि मां गंगा के पवन तट व भगवान शिव की नगरी काशी में तर्पण व पिंडदान {Pind Daan in Kashi} करने से मृतकों के आत्माओं को शांति व मोक्ष की प्राप्ति होती है।
इसी कड़ी में आज काशी में प्रणाम् वन्देमातरम समिति द्वारा देश के वीर सपूतों के तर्पण का कार्यक्रम {Pind Daan in Kashi} आयोजित किया गया। गंगा के किनारे समिति के सदस्यों द्वारा स्वतंत्रता मे सर्वस्व न्योछावर कर देने वाले क्रांति वीरों और सरहद की रक्षा के लिए अपना प्राण त्याग देने वाले अमर शहीदों को याद किया गया और उनकी आत्मा की शांति के लिए ब्राम्हण गण द्वारा मंत्रोच्चार के साथ विधि-विधान से पिंडदान {Pind Daan in Kashi} किया गया।

देश की स्वतंत्रता संग्राम {Pind Daan in Kashi} में अपने प्राणों की आहुति देने अनेक क्रांति वीरों का जैसे बिरसा मुंडा, मंगल पांडे, नीरा आर्या, रानी लक्ष्मीबाई,चाफेकर बन्धु, सरदार उधम सिंह, आजाद, भगतसिंह, राजगुरु, सुखदेव, सावरकर, नेताजी सुभाष चन्द्र बोस, खुदीराम बोस, सूर्यसेन जैसे अनेक ज्ञात-अज्ञात क्रांति वीरों के लिए पिण्डदान, तर्पण, पूजापाठ कर ईश्वर से उन आत्माओं की शान्ति की गयी।
Pind Daan in Kashi : वीर शहीदों की आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना
इस दौरान प्रणाम् वन्देमातरम समिति के अध्यक्ष अनूप जायसवाल ने कहा कि बाबा विश्वनाथ की नगरी में हमलोगों उन क्रांतिवीर के तर्पण {Pind Daan in Kashi} के लिए एकत्र हुए हैं जिन्होंने हमारे देश की स्वतंत्रता और सरहद की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दे दी। ऐसे में हम उनका पिंडदान व तर्पण कर उनकी आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की है।
इस दौरान {Pind Daan in Kashi} सभी लोगों ने प्रार्थना कर उन महान आत्माओं को नमन् कर भारत की सुख, शांति, समृद्धि की कामना का आशिर्वाद मांगा। कार्यक्रम का नेतृत्व अध्यक्ष अनुप जायसवाल व संचालन धीरेन्द्र शर्माजी ने किया और वहीं धन्यवाद ओमप्रकाश यादव बाबू ने किया।
कार्यक्रम मेँ मुख्यरूप {Pind Daan in Kashi} से आदित्य गोयनका, सिद्धनाथ गौड़ अलगु,शंकर जायसवाल,सुनील शर्मा, विजयकृष्ण मिश्र, धर्मचंद केसरी,समीर जायसवाल, प्रकाश मिठाईलाल यादव, अमरीश जायसवाल, मंगलेश जायसवाल, मनीष चौरसिया, लल्लू,भरत निषाद, गोपाल निषाद, गौतम निषाद, प्रदीप जायसवाल, जयप्रकाश प्रजापति, पिन्टू, श्रीप्रकाश जायसवाल, कन्हैया सेठ, सुजीत गुप्ता, दीपक जायसवाल, अनुप गुप्ता, जयकिशन गुप्ता, आकाश जायसवाल आदि लोग उपस्थित रहें।