BHU Bawaal: बीएचयू में रविवार को आइसा, बीएसएम ओर एबीवीपी के कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हो गयी। सूचना मिलना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने लाठीचार्ज कर विश्वविद्यालय गेट से छात्रों को खदेड़ा। बता दें कि आईआईटी की छात्रा के साथ हुई छेड़खानी की घटना के बाद छात्राओं की सुरक्षा और परिसर में दीवार खड़ी करने के विरोध में विभिन्न छात्र संगठन आंदोलन कर रहे थे।
जानकारी के मुताबिक, आंदोलन के दौरान नारे लगाने और पुतला फूंकने को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, ऑल इंडिया स्टूडेंट एसोसिएशन और भगत सिंह छात्र मोर्चा के कार्यकर्ताओं के बीच झड़प [BHU Bawaal] हो गयी। इस दौरान पुलिस ने आवश्यक बल प्रयोग करके दोनों दलों के छात्रों को अलग किया। इस बीच एबीवीपी ने एक बयान जारी कर दावा किया कि आइसा और बीएसएम के लोगों के हमले में उनकी कार्यकर्ता अदिति और मेघा घायल हो गयीं। एबीवीपी ने दोनों छात्राओं को तस्वीर भी जारी की, जिसमें एक के पैर और एक के हाथ में प्लास्टर लगा है।
छात्र विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से आईआईटी और बीएचयू के बीच दीवार खड़ी किये जाने के फैसले का विरोध [BHU Bawaal] कर रहे हैं। इस सिलसिले में दो नवंबर को रजिस्ट्रार की ओर से छात्रों के नाम एक नोटिस जारी कर परिसर को बांटने की बात कहीं गयी थी। एबीवीपी के बीएचयू इकाई के अध्यक्ष अभय प्रताप सिंह ने कहा कि बीएचयू इकाई के कार्यकर्ता आईआईटी-बीएचयू प्रकरण में पीड़ित छात्रा को न्याय दिलाने और विश्वविद्यालय प्रशासन के परिसर विभाजन नीति के विरुद्ध अन्य छात्रों के साथ आंदोलनरत है।

BHU Bawaal: एबीवीपी का आरोप-हिंदुत्व विरोधी लगे नारे
एबीवीपी के बीएचयू इकाई के अध्यक्ष अभय प्रताप सिंह ने कहा कि एबीवीपी और अन्य छात्रों के आंदोलन से विश्वविद्यालय प्रशासन बैकफुट पर आता दिखाई पड़ रहा था। उन्होंने दावा किया कि विश्वविद्यालय में अन्य छात्र भी आंदोलन कर रहे थे। रविवार को दोपहर में आॅल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन और भगत सिंह छात्र मोर्चा के कुछ लोगों ने इस आंदोलन को दबाने का प्रयास किया। उन्होंने आरोप लगाया कि आइसा और बीएसएम के सदस्यों ने हिन्दुत्व के खिलाफ नारे लगाए और छात्रों के विरोध करने पर मारपीट की, जिससे कई छात्राएं भी घायल हो गयी।

एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने की मारपीट
भगत सिंह छात्र मोर्चा के सदस्य छात्र अनुपम ने दावा कि हम छेड़खानी की शिकार छात्रा को न्याय दिलाने के लिए लगातार संघर्षरत है। रविवार को जब हम सब छात्र विश्वविद्यालय के गेट पर घटना की जिम्मेदार सरकार और कुलपति का पुतला फूंकना [BHU Bawaal] चाह रहे थे, तब पुलिस ने हमसे पुतला छीन लिया। तभी वहां मौजूद एबीवीपी के छात्रों ने गाली-गलौज के साथ ही मारपीट शुरू कर दी थी।

