Varanasi: हिंदू संगठन के नाम पर धौंस जमाने वाले 5 नामजद और 10-15 व्यक्ति अज्ञात है। इनमें से 4 का फोटो वीडियो के आधार पर सामने आया है। इन आरोपियों में नितीश सिंह, आशुतोष उर्फ़ सनी गुप्त, नितेश नर सिंघानिया, गप्पू सिंह और राहुल सिंह नामजद हुए हैं और उनके साथ 10 से 15 अज्ञात व्यक्ति है जो गिरफ्तारी के डर से आरोपी फरार हैं।

दरअसल, बीते रविवार की देर शाम गौदलिया चौराहे [Varanasi] पर दशाश्वमेध थाने की पुलिस वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इस दौरान पुलिस ने एक बाइक सवार युवक को रोका और बाइक के कागज दिखाने के लिए कहा तो वो पुलिस कर्मियों को धमकाने लगा। इसके बाद अपने कई साथियों को बुला लिया, जो चौराहे पर पुलिस के साथ बदसलूकी करने लगे और जब पुलिस ने उन्हें समझाने की कोशिश की तो उन्होंने धक्का मुक्की भी की, जिसका वीडियो भी सामने आया। इसके बाद से उन मनबढ़ो की तलाश में पुलिस एक्शन मोड में है।
सीनियर अधिकारियों के लीडरशिप में ADCP काशी, ACP दशाश्वमेध, SHO दशाश्वमेध समेत तीन टीमें आरोपियों की तलाश कर रही हैं। इस बीच कथित भगवा संगठन के पदाधिकारी घर छोड़कर फरार हैं। चारों आरोपियों को पुलिस ने चिन्हित कर उनके मोबाइल फोन पर कॉल किया लेकिन वो बंद आ रहे है पुलिस सर्विलांस से लगातार मॉनिटरिंग कर रही है और उनपर नजर बनाए रखी है।
भंग हो चुके हिंदू संगठन के नाम पर आरोपी देते थे धौंस
हैरानी की बात यह कि जिस हिंदू युवा वाहिनी [Varanasi] को सीएम योगी आदित्यनाथ ने भंग कर दिया ये हमलावर उसी के पदाधिकारी बताकर शहर भर में राजनीति चमका रहे हैं। हालांकि इनके शरणदाता इन्हें बचाने में जुटे हैं और दबिश देने पहुंच रही पुलिस पर भी फोन करके दबाव बना रहे हैं।

[Varanasi] 60 घंटों में आरोपियों के 16 ठिकानों पर छापेमारी
बताते चलें कि अब तक पुलिस की टीम [Varanasi] ने चारों आरोपियों के कुल 16 ठिकानों को खंगाल चुकी हैं लेकिन वह कहीं नहीं मिले। इस वारदात को बीते 60 घंटों में पुलिस ने चारों आरोपियों के घर के साथ गोदाम, दुकान और संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर चुकी है। वहीं वाराणसी पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने हर हाल में हमलावरों की गिरफ्तारी का निर्देश दिया है, इसके बाद पुलिस अधिकारी बिना कोई कोताही किए उनकी तलाश में जुटी है।