देशभर में यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) का सर्वर बुधवार शाम अचानक डाउन हो गया, जिससे लाखों यूजर्स को डिजिटल पेमेंट करने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। डाउनडिटेक्टर के अनुसार, शाम 7 बजे के बाद से करीब 23,000 से ज्यादा यूजर्स ने शिकायत की कि वे फंड ट्रांसफर, पेमेंट और लॉगिन एक्सेस नहीं कर पा रहे हैं।
82% यूजर्स को पेमेंट में दिक्कत
डाउनडिटेक्टर के डेटा के मुताबिक, करीब 82% लोगों को भुगतान करने में समस्या आई। वहीं, 12% यूजर्स को लॉगिन से जुड़ी परेशानियां झेलनी पड़ीं, जबकि 6% लोगों ने अन्य मुद्दों की शिकायत की।
NPCI द्वारा संचालित होता है UPI
भारत में रियल टाइम ग्रॉस सेटलमेंट (RTGS) और नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर (NEFT) का संचालन भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) करता है, जबकि यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI), IMPS और RuPay जैसी सेवाओं का संचालन नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) करता है। 1 जनवरी 2020 से सरकार ने UPI ट्रांजैक्शन के लिए ‘जीरो चार्ज फ्रेमवर्क’ लागू किया था, जिससे डिजिटल लेनदेन को बढ़ावा मिल सके।
कैसे काम करता है UPI?
UPI सेवा का उपयोग करने के लिए यूजर्स को पहले एक वर्चुअल पेमेंट एड्रेस (VPA) बनाना होता है और इसे अपने बैंक खाते से लिंक करना पड़ता है। इसके बाद, लेनदेन के लिए बैंक अकाउंट नंबर, बैंक का नाम या IFSC कोड याद रखने की जरूरत नहीं होती। UPI पेमेंट मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी या आधार नंबर के जरिए किया जा सकता है।
इस सिस्टम के जरिए न सिर्फ पैसे भेजे और प्राप्त किए जा सकते हैं, बल्कि बिजली, पानी, गैस जैसे यूटिलिटी बिल्स का भुगतान भी किया जा सकता है। साथ ही, ऑनलाइन शॉपिंग और अन्य वित्तीय लेनदेन भी इससे संभव होते हैं।
PhonePe, Google Pay, Paytm जैसी सेवाएं प्रभावित
UPI सर्वर डाउन होने के कारण PhonePe, Google Pay, Paytm जैसी प्रमुख पेमेंट एप्लिकेशन से ट्रांजैक्शन फेल होने की शिकायतें आने लगीं। कई यूजर्स ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट कर बताया कि उनके पेमेंट्स या तो फेल हो रहे हैं या फिर बहुत अधिक समय ले रहे हैं।
कुछ यूजर्स ने लिखा कि वे ऑनलाइन शॉपिंग वेबसाइट्स और ऐप्स पर भी भुगतान करने में असमर्थ हैं। वहीं, कुछ बैंकिंग सेवाओं पर भी UPI से जुड़ी समस्याएं सामने आई हैं।
UPI डाउन होने से जुड़ी प्रतिक्रियाएं
UPI सेवाओं में आई दिक्कतों को लेकर NPCI और संबंधित बैंकिंग संस्थानों की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। हालांकि, उपयोगकर्ताओं की शिकायतों को देखते हुए टेक्निकल टीम इस समस्या के समाधान में जुटी हुई है।
डिजिटल पेमेंट पर प्रभाव
भारत में डिजिटल लेनदेन की रीढ़ बन चुके UPI पर इस तरह की तकनीकी खराबी का असर व्यापक रूप से देखा जा सकता है। भारत में रोज़ाना करोड़ों रुपये का ट्रांजैक्शन UPI के माध्यम से होता है, जिससे व्यापारियों, ग्राहकों और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर इसका सीधा प्रभाव पड़ता है।
Highlights
क्या करें अगर UPI डाउन हो?
यदि UPI सेवा डाउन हो, तो आप अन्य डिजिटल पेमेंट विकल्पों जैसे नेट बैंकिंग, क्रेडिट/डेबिट कार्ड या वॉलेट का उपयोग कर सकते हैं। बैंकिंग सेवाओं को लेकर अपडेट के लिए संबंधित बैंक की आधिकारिक वेबसाइट या NPCI के सोशल मीडिया हैंडल्स पर नजर रख सकते हैं।