Varanasi: बीते 24अप्रैल को एक डॉक्टर के साथ इन्वेस्टमेंट में भारी मुनाफे का झांसा देकर करोड़ों की साइबर ठगी का मामला दर्ज किया गया था। इस मामले को लेकर वाराणसी पुलिस के थाना क्राइम को बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। पुलिस ने इस घटना को अंजाम देने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह के मुख्य सरगना रुमिल वर्मा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के कब्जे से बड़ी मात्रा में मोबाइल फोन, एटीएम कार्ड, पासबुक, नगदी और एक चार पहिया वाहन भी बरामद किए गए हैं। मामले का खुलासा शनिवार को डीसीपी वरुणा जोन प्रमोद कुमार ने प्रेस कांफ्रेंस के दौरान किया।

Varanasi: पहले मामूली रकम का मुनाफा दिखाकर देता था झांसा
डीसीपी वरुण जोन प्रमोद कुमार ने बताया कि गिरोह सोशल मीडिया और ऑनलाइन विज्ञापनों के जरिए आम लोगों को निवेश योजनाओं में बड़े मुनाफे का झांसा देता था। पहले मामूली रकम पर मुनाफा दिखाकर विश्वास जीतता, फिर बड़ी रकम निवेश के लिए मांग कर रकम हड़प लेता।

डीसीपी (Varanasi) ने आगे बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त के खिलाफ साइबर ठगी के कई मामलों में जांच चल रही थी। यह गिरोह संगठित रूप से लोगों को इन्वेस्टमेंट के नाम पर फंसा कर उनके खातों से पैसे ट्रांसफर कराता था। जिस अभियुक्त की गिरफ्तारी हुई है उसका नाम रुमिल वर्मा है। अब तक की हमलोगों ने लाखों रूपये का रिकवरी किया है बाकी जांच जारी है। इसमें सफलता प्राप्त करने वाले टीम को 10 हजार रूपये का इनाम दिया जायेगा।

