Varanasi: कबीरचौरा स्थित शिवप्रसाद गुप्त (SSPG) मंडलीय चिकित्सालय को आधुनिक रूप देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। उत्तर प्रदेश कैबिनेट ने यहां 500 बेड के सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल के निर्माण को मंजूरी दे दी है। इसके तहत चिकित्सालय परिसर के 11 पुराने भवनों को तीन चरणों में ध्वस्त कर नई इमारत तैयार की जाएगी।

अस्पताल के एसआईसी डॉ. बृजेश कुमार ने बताया कि प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने के उद्देश्य से, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की प्रेरणा और क्षेत्रीय विधायक डॉ. नीलकंठ तिवारी, मंडलायुक्त तथा जिलाधिकारी (Varanasi) के प्रयासों से यह परियोजना साकार हो रही है। करीब 150 वर्ष पुराने और 316 बेड वाले वर्तमान अस्पताल को तोड़कर जी+8 और जी+14 मंजिला अत्याधुनिक भवन बनाया जाएगा। साथ ही, अधिकारियों-कर्मचारियों के लिए आवासीय परिसर के निर्माण का प्रस्ताव भी स्वीकृत हो चुका है, जिससे अस्पताल स्टाफ और स्थानीय लोगों में उत्साह है।
Varanasi:तीन चरणों में तोड़कर बनेगा नया अस्पताल
डॉ. बृजेश के अनुसार, ध्वस्तीकरण प्रक्रिया चरणबद्ध तरीके से होगी ताकि मरीज सेवाएं बाधित न हों।
पहले चरण में निम्न विभागों को अन्य स्थानों पर शिफ्ट कर पुरानी इमारतों को खाली कराया जाएगा—
- डायलिसिस विभाग, दवा वितरण कक्ष/सब-स्टोर, CT स्कैन, कार्डियोलॉजी OPD, रजिस्ट्रेशन काउंटर, मुख्य औषधि भंडार, CB-NAAT लैब, RTPCR लैब, विभिन्न वार्ड (वार्ड नं. 01, 02, 03, 11, 12, 13), लाँड्री, ICTC, टेलीमेडिसिन यूनिट, पैथोलॉजी, पेंइंग वार्ड, कार्डियक वार्ड, सेमिनार कक्ष और आयुष विंग।
इन सेवाओं को अस्थायी रूप से इमरजेंसी परिसर, नई OPD और निर्धारित वैकल्पिक कक्षों में स्थानांतरित किया जाएगा, ताकि उपचार और जांच संबंधी कार्य निर्बाध रूप से चलते रहें।
अस्पताल प्रशासन का कहना है कि नए सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल (Varanasi) के तैयार होने पर वाराणसी ही नहीं, आस-पास के जिलों (Varanasi) के मरीजों को भी उच्चस्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध होंगी।

