Mau: भारतीय जनता पार्टी के नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के मूल उद्देश्य और स्वरूप को कमजोर करने तथा उसका नाम बदलकर उसकी आत्मा को समाप्त करने के विरोध में उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर प्रदेशव्यापी आंदोलन के तहत जिला कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में जोरदार विरोध प्रदर्शन और पैदल मार्च का आयोजन किया गया।

नरेंद्र मोदी ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) की पहचान बदल उसकी आत्मा को कमजोर करने की कोशिश की। प्रदेशव्यापी आंदोलन के तहत जिला कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में जोरदार विरोध प्रदर्शन और पैदल मार्च का आयोजन किया गया। जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राजमंगल यादव के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने भीटी स्थित भारत रत्न बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर मार्च की शुरुआत की।

इसके बाद यह पदयात्रा बाल निकेतन तिराहा, पंडित अलगू राय शास्त्री (मऊ बस स्टैंड), गाजीपुर तिराहा होते हुए मऊ (Mau) सदर अस्पताल परिसर में स्थापित मऊ (Mau) के सृजनकर्ता एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री “विकास पुरुष” स्व. कल्पनाथ राय की प्रतिमा तथा अंत में जिला (Mau) मुख्यालय कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित कामरेड जय बहादुर सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर संपन्न हुई।

इस अवसर पर जिलाध्यक्ष (Mau) राजमंगल यादव ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस की डॉ. मनमोहन सिंह सरकार ने मनरेगा के माध्यम से महात्मा गांधी के ग्राम स्वराज के सपने को साकार करने की दिशा में ऐतिहासिक कदम उठाया था। इस योजना ने करोड़ों ग्रामीण परिवारों को रोजगार का कानूनी अधिकार दिया और गरीबों के हाथों में सम्मानजनक आजीविका की ताकत सौंपी।
Mau: गरीबों का हक छिनने नहीं देंगे
उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान मोदी सरकार लगातार बजट में कटौती, भुगतान में देरी और जटिल प्रक्रियाओं के जरिए मनरेगा को कमजोर करने का सुनियोजित प्रयास कर रही है। यह गरीब, किसान और मजदूर विरोधी मानसिकता का स्पष्ट प्रमाण है। मनरेगा यात्रा प्रभारी राघवेंद्र प्रताब सिंह ने कहा, “मनरेगा सिर्फ एक योजना नहीं, बल्कि गरीबों का स्वाभिमान और उनका अधिकार है। भाजपा सरकार इसे खत्म कर पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाना चाहती है, लेकिन कांग्रेस पार्टी चुप नहीं बैठेगी। हम सड़क से सदन तक संघर्ष करेंगे और गरीबों का हक छिनने नहीं देंगे। कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि यदि केंद्र सरकार ने मनरेगा के साथ छेड़छाड़ बंद नहीं की तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
यह संघर्ष गरीबों के रोजगार, सम्मान और अधिकार की रक्षा के लिए निरंतर जारी रहेगा। ओमप्रकाश ठाकुर, उदय प्रताप राय घनश्याम सहाय, कैलाश चौहान, रामकेश सिंह पटेल इंतेखाब आलम, मनोज गिहार, विष्णु कुशवाहा, हफीजुर्रहमान सईदुर्रहमान अंसारी सहित भारी संख्या में उपस्थित रहे।

