Crime News: महाराष्ट्र के नासिक से सामने आया यह मामला सिर्फ एक ढोंगी बाबा की करतूत नहीं, बल्कि एक सुनियोजित अपराध तंत्र की भयावह तस्वीर पेश करता है। खुद को ज्योतिषी और ‘गॉडमैन’ बताने वाला अशोक खरात अब यौन शोषण, ठगी और ब्लैकमेलिंग जैसे गंभीर आरोपों में जांच के घेरे में है। जैसे-जैसे विशेष जांच टीम की पड़ताल आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे इस तथाकथित बाबा के काले कारनामों की परतें खुलती जा रही हैं, जो समाज को झकझोर देने के लिए काफी हैं।
कोड लैंग्वेज का खेल: झूमर की बत्ती बनी संकेत
जांच में जो खुलासा हुआ है, वह चौंकाने वाला है। बताया गया कि जब भी अशोक खरात अपने दफ्तर में किसी महिला को ‘शुद्धिकरण’ के नाम पर बुलाता था, तो वह झूमर की लाइट बंद कर देता था। यह महज बिजली बंद करना नहीं, बल्कि स्टाफ के लिए एक ‘कोड वर्ड’ था। इसका मतलब साफ होता था कि केबिन में किसी को भी प्रवेश नहीं करना है। इस इशारे के बाद अंदर कथित तौर पर यौन शोषण का घिनौना खेल शुरू हो जाता था, जबकि बाहर मौजूद लोग सब समझते हुए भी अनजान बने रहते थे।
Crime News: बत्ती बंद मतलब नो एंट्री
पुलिस जांच के अनुसार, बाबा अपने अपराधों को छिपाने के लिए बेहद चालाकी से काम करता था। केबिन में ऐसे विशेष कांच लगाए गए थे, जिनसे बाहर से अंदर कुछ भी दिखाई नहीं देता था, लेकिन अंदर बैठा व्यक्ति बाहर की हर गतिविधि साफ देख सकता था। ‘शुद्धिकरण’ जैसे शब्दों को कोड के रूप में इस्तेमाल कर वह महिलाओं को बहला-फुसलाकर (Crime News) बुलाता और फिर उनका शोषण करता था। यह पूरी व्यवस्था इस तरह बनाई गई थी कि किसी को भनक तक न लगे।
‘जादुई तुर्की शहद’ का छलावा
यौन शोषण के साथ-साथ ठगी का खेल भी बड़े पैमाने पर चलता था। जांच में सामने आया कि व्यापार में सफलता और समस्याओं के समाधान के नाम पर अशोक खरात ‘अवतार पूजा’ जैसे कोड वर्ड का इस्तेमाल करता था। इतना ही नहीं, वह साधारण शहद को ‘तुर्की की गुफा से लाया गया दुर्लभ जादुई शहद’ बताकर भक्तों को भारी कीमत (Crime News) पर बेचता था। इस तरह वह लोगों की आस्था का फायदा उठाकर करोड़ों की ठगी कर रहा था।
SIT जांच में खुल रहीं परतें: शिकायतों की बाढ़
मामले (Crime News) की गंभीरता को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने विशेष जांच टीम का गठन किया है। टीम को पिछले पांच दिनों में 50 से अधिक कॉल मिल चुकी हैं, जिनमें लोगों ने अशोक खरात के खिलाफ अलग-अलग आरोपों की जानकारी दी है। जांच एजेंसियों का कहना है कि शिकायतकर्ताओं की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी, ताकि पीड़ित बिना डर अपनी बात सामने रख सकें। हर नई जानकारी के साथ इस मामले की भयावहता और बढ़ती जा रही है।
शुक्रवार को SIT और फॉरेंसिक टीम ने नासिक में स्थित खरात के कार्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान कई अहम दस्तावेज, फाइलें और डायरी बरामद की गईं, जो जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्य साबित हो सकते हैं। इसी बीच नासिक जिला प्रशासन ने उसके हथियार लाइसेंस (Crime News) को निलंबित कर दिया है। अधिकारियों का मानना है कि वह इस लाइसेंस का इस्तेमाल पीड़ितों को डराने-धमकाने के लिए कर सकता था।
अशोक खरात, जो नासिक जिले के सिन्नर में एक मंदिर ट्रस्ट का प्रमुख भी है, को 18 मार्च को गिरफ्तार किया गया था। यह कार्रवाई तब हुई जब 35 वर्षीय एक महिला ने उस पर बार-बार बलात्कार करने का आरोप (Crime News) लगाया। अब तक उसके खिलाफ कुल आठ एफआईआर दर्ज हो चुकी हैं। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ रही है, यह साफ होता जा रहा है कि यह मामला केवल एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि आस्था के नाम पर चल रहे एक बड़े फरेब का है, जिसने कई जिंदगियों को प्रभावित किया है।

