Varanasi: बाबा बर्फानी अमरनाथ के दर्शन के लिए यात्रा की शुरुआत हो चुकी है। इसी क्रम में बाबा भोलेनाथ की नगरी काशी से लेकर कश्मीर तक के लिए सद्भावना यात्रा के तहत शनिवार को श्री काशी विश्वनाथ सेवा समिति के सेवादारों का पहला जत्था बाबा अमरनाथ के दर्शन के लिए रवाना हुआ। पहले जत्थे में सेवादारों ने श्रद्धालुओं को कश्मीर के हालात से नहीं डरने और बाबा के दर्शन पूजन की अपील करते हुए सद्भावना यात्रा निकाली।
वाराणसी कैंट स्टेशन (Varanasi) से दर्शनार्थियों का पहला जत्था हावड़ा अमृतसर मेल से रवाना हुआ। सैकड़ो की संख्या में यहां से भक्त इस ट्रेन से अमृतसर पहुंचेंगे, फिर वहां से जम्मू होते हुए पहलगांव तक जाएंगे। इसके आगे का सफ़र पैदल ही तय किया जाता है। प्रति वर्ष काशी से कश्मीर में हजारों की संख्या में भक्त बाबा के दर्शन के लिए जाते हैं। इस वर्ष भी काशी से हजारों भक्तों ने बाबा अमरनाथ बर्फानी के दर्शनों को जाने का अनुमान है।
विगत 25 वर्षों समिति है सेवा में समर्पित
विगत 25 वर्षों से बाबा काशी विश्वनाथ सेवा समिति की ओर से लगभग तीन सौ लोगों के रहने और खाने-पीने की व्यवस्था अमरनाथ यात्रा के दौरान की जाती है। यहां काशी से इस संस्था की ओर से 300 सौ लोगों को अमरनाथ बाबा के दर्शनों में सहयोग दिया जाता है। आज रवाना हुए इस जत्थे में कई ऐसे लोग भी हैं, जो अपने खर्च पर बाबा के दर्शन नहीं कर सकते। संस्था ऐसे लोगों की मदद कर बाबा के दर्शनों का सौभाग्य दिलाती है। अभी कई और जत्थे बाबा के दर्शनों को वाराणसी से रवाना होंगे।
Varanasi में निकली भव्य शोभायात्रा
अमरनाथ यात्रा के लिए जाने वाले जत्था के रवाना होने से पहले वाराणसी में एक भव्य शोभायात्रा भी निकाली गई। यह शोभायात्रा लक्सा से शुरू होकर गदौलिया, मैदागिन, चौक और शहर (Varanasi) के विभिन्न मार्गों से होते हुए कैंट रेलवे स्टेशन पहुंची। इस शोभायात्रा में बाबा बर्फानी का वृहद स्वरुप शिवलिंग आकर्षण का केंद्र रहा। सभी श्रद्धालु रास्तेभर जय अमरनाथ, जय बाबा बर्फानी और हर-हर महादेव के उद्दघोष करते चल रहे थे। सभी का उत्साह और जोश देखते बन रहा था। ऐसे में पूरा इलाका भक्तों की भक्ति में सराबोर नजर आया।
काशी विश्वनाथ सेवा समिति (Varanasi) के अध्यक्ष दिलीप सिंह बंटी ने बताया कि, 80 से 90 सेवादोरों का दल कश्मीर जा रहा है, जिसमें 10 सेवादोरों का दल उनके और विवेक श्रीवास्तव और कुलदाप त्यागी के नेतृत्व में पंजाब जाएंगे। इसके बाद वहां से कश्मीर के लिए रवाना होंगे। वहीं 70 सोवादारों का दल बेगमपुरा एक्सप्रेस से यहां से निकलेगा और सीधे जम्मू होते हुए चंदनबाड़ी पहुंचेगा।