Kerosene oil: ईरान और इजरायल-अमेरिका के बीच जारी जंग के चलते पैदा हुए ऊर्जा संकट को देखते हुए केंद्र सरकार एक बड़े फैसले का ऐलान किया है। लिया है। जनता के हित में केरोसिन पर फैसला सुनते हुए पेट्रोलियम मंत्रालय ने कहा कि अब राशन की दुकानों के साथ साथ पेट्रोल पंपों पर भी केरोसिन (Kerosene oil) मिलेगा।
Kerosene oil: रसोईं को मिली राहत
रसोई गैस की कमी के बीच लोग रसोई में केरोसिन (Kerosene oil) का इस्तेमाल कर सकेंगे और स्टोव पर खाना बना सकेंगे। जिसके लिए इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम जैसी सरकारी तेल कंपनियां अपने चुनिंदा पेट्रोल पंपों पर केरोसिन उपलब्ध कराएंगी। जहां से आम लोग केरोसिन खरीद सकेंगे।
हर जिले के 2 पेट्रोल पंप पर उपलब्ध
पश्चिमी एशिया में चल रहे युद्ध ने दुनिया भर में ऊर्जा आपूर्ति को बाधित करने के कारण केंद्र ने यह अहम फैसला लिया है। सरकार घरों में केरोसिन के तेजी से वितरण की अनुमति देने के लिए पेट्रोलियम सुरक्षा और लाइसेंसिंग नियमों में ढील दे रही है। हर जिले में राज्य सरकार या केंद्रशासित प्रदेश प्रशासन अधिकतम 2 पेट्रोल पंप चुनेंगे, जहां यह सुविधा दी जाएगी। इन पेट्रोल पंपों पर अधिकतम 5 हजार लीटर तक केरोसिन रखा जा सकेगा।
नए नियमों के अनुसार, देश के वैसे राज्यों या केंद्रशासित प्रदेशों के लिए नोटिफिकेशन जारी किया गया है, जहां पहले PDS यानी सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत केरोसिन नहीं दिया जाता था। इनमें दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, गुजरात, हिमाचल प्रदेश जैसे बड़े राज्य शामिल हैं।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने एक आधिकारिक अधिसूचना में कहा कि इन उपायों से 21 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में खाना पकाने और रोशनी के लिए घरों में केरोसिन का तात्कालिक वितरण संभव हो सकेगा।

