Varanasi जिले के चौबेपुर क्षेत्र में सुंगुलपुर गांव स्थित शिव मंदिर परिसर में शुक्रवार को एक दिवसीय स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का आयोजन बीएचयू के जंतु विज्ञान विभाग के प्रोफेसर डॉ. ज्ञानेश्वर चौबे द्वारा किया गया, जिसमें बीएचयू के प्रख्यात न्यूरोलॉजिस्ट प्रोफेसर डॉ. विजय नाथ मिश्रा ने शिरकत की। इस अवसर पर प्रो. मिश्रा ने कहा कि गांव (Varanasi) से जुड़कर ही समाज में व्याप्त अंधविश्वास और गंभीर बीमारियों को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर किया जा सकता है। मिर्गी और लकवा जैसी बीमारियां कोई दैवीय प्रकोप नहीं हैं, बल्कि इनका समय पर और सही इलाज पूरी तरह संभव है।
सामाजिक बदलाव की असली नींव है गांव
जागरूकता कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि वे पिछले चार दशकों से बलुआ (Varanasi) और आसपास के गांवों से जुड़े रहे हैं। गांव उनके लिए केवल कार्यक्षेत्र नहीं, बल्कि अपना घर हैं। गांव में आकर सेवा करने से आत्मिक संतोष मिलता है और यही सामाजिक बदलाव की असली नींव है। प्रो. डॉ. विजय नाथ मिश्रा ने मिर्गी (एपिलेप्सी) को लेकर समाज में फैले अंधविश्वासों पर चिंता जताते हुए कहा कि आज भी मरीजों को मंदिरों, मजारों और तांत्रिकों के पास ले जाकर प्रताड़ित किया जाता है, जबकि सच्चाई यह है कि मिर्गी का इलाज सस्ती दवाओं से संभव है।

सही और नियमित उपचार से मरीज सामान्य जीवन जी सकता है। लकवा (स्ट्रोक) के बारे में जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि हाई ब्लड प्रेशर, शुगर, शराब और तंबाकू इसके प्रमुख कारण हैं। लकवा या मिर्गी की स्थिति में मरीज को तुरंत करवट पर लिटाना चाहिए और मुंह से कुछ भी नहीं पिलाना चाहिए, क्योंकि गलत प्राथमिक उपचार से मरीज की जान भी जा सकती है।
Varanasi:51 लोगों की निशुल्क स्वास्थ्य जांच
स्वास्थ्य शिविर (Varanasi) के दौरान कुल 75 लोगों का रजिस्ट्रेशन किया गया जिसमें 51 लोगों की निशुल्क स्वास्थ्य जांच की गई तथा जरूरतमंद मरीजों को मुफ्त दवाएं वितरित की गईं। शिविर (Varanasi) का लाभ पाकर ग्रामीणों में खास उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम में बुजुर्गों की उपेक्षा पर भी चिंता जताई गई। प्रो. मिश्रा ने कहा कि नौकरी या व्यवसाय के कारण बाहर रहने वाले लोगों को अपने माता-पिता की जिम्मेदारी से मुंह नहीं मोड़ना चाहिए। उन्हें केवल आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि साथ, देखभाल और सम्मान की आवश्यकता होती है। अंत में उन्होंने गांव-गांव (Varanasi) जाकर स्वास्थ्य जागरूकता अभियान चलाने, बीपी व शुगर की नियमित जांच कराने तथा जरूरतमंदों को दवा व सहयोग उपलब्ध कराने का आह्वान किया।
शिविर में गौरी शंकर यादव ग्राम (Varanasi) प्रधान प्रतिनिधि मनीष चौहान पूर्व प्रधान शिव बच्चन चौहान वल्लभाचार्य पांडे अखिलेश चौबे हर्षित तिवारी, सौरभ तिवारी दुर्बिन्द सिंह विनोद चौबे अतुल चौबे अजय गुप्ता अकेलाअनुराग तिवारी संतोष कन्नौजिया शिवम चतुर्वेदी हवलदार (Varanasi) सिंह एन पी जायसवाल नन्हे आशीष पांडेय शारदा चतुर्वेदी आशु शर्मा के साथ अनेकों ग्रामीण, और स्वास्थ्य कर्मियों की बड़ी संख्या में उपस्थिति रही।

