इलाहाबाद हाईकोर्ट ने गुरूवार को हुई सुनवाई में ज्ञानवापी परिसर के एएसआई सर्वे (Varanasi Gyanvapi Asi Survey) पर एक बड़ा फैसला सुनाया है। हाईकोर्ट ने मुस्लिम पक्ष की याचिका को खारिज करते हुए ज्ञानवापी परिसर के ASI सर्वे (Varanasi Gyanvapi Asi Survey) को मंजूरी दे दी है। वहीं हाईकोर्ट के इस फैसले का अखिल भारतीय संघ के राष्ट्रीय महामंत्री स्वामी जितेंद्रनानंद सरस्वती ने कहा कि संत समाज इस फैसले का हार्दिक स्वागत करती है।
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स्वामी जितेंद्रनानंद सरस्वती ने आगे कहा कि जिला कोर्ट द्वारा समेकित विचार कर यह निर्णय लिया गया था, लेकिन हाईकोर्ट को न मानते हुए कुछ लोग सुप्रीम कोर्ट गए थे लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने स्टे लगाते हुए हाईकोर्ट भेजा था और कहा था हमारा स्टे तभी तक प्रभावशाली है जब तक हाईकोर्ट निर्णय नहीं करता। तो अब एएसआई सर्वे (Varanasi Gyanvapi Asi Survey) का यह निर्णय लागू हो गया है।

Varanasi Gyanvapi Asi Survey : गुलामी के चिन्ह को मिटने का काम करेगा एएसआई का सर्वे
उन्होंने कहा कि हम आशा ही नहीं बल्कि विश्वास करते है कि स्वत्रंता के अमृत महोत्सव काल खंड में जब गुलामी के चिन्ह मिट रहे है तो ज्ञानवापी के माथे पर लगा ये गुलामी का चिन्ह यह एएसआई का सर्वे मिटाने में सक्षम साबित होगा।