varanasi में हजरत अली समिति की ओर से मौला ए कायनात हजरत अली की विलादत के मौके पर शनिवार को शहर में भव्य मौला अली जुलूस निकाला गया। जुलूस में बड़ी संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए और पूरे अकीदत व एहतराम के साथ जश्न मनाया गया। यह जुलूस टाउन हॉल से शुरू होकर काली महाल, पीतल गंगा होते हुए दरगाह फातिमा तक पहुंचा। इस दौरान या अली के नारों से माहौल गूंजता रहा। जगह-जगह लोगों ने जुलूस का स्वागत किया।

varanasi: हजरत अली की विलादत की तारीख
मीडिया से बातचीत में मौलाना शाहिद अब्बास (varanasi) ने बताया कि आज मौला ए कायनात हजरत अली की विलादत की तारीख है और इसी खुशी में हर साल जुलूस निकाला जाता है। उन्होंने कहा कि “अली डे” के जरिए दुनिया को यह संदेश दिया जाता है कि हजरत अली जैसी शख्सियत ने इंसानियत, हक और बराबरी का पैगाम दिया।

मौलाना शाहिद अब्बास ने कहा कि हजरत अली ने कभी शिया-सुन्नी या अपने-पराए का भेद नहीं किया, बल्कि इंसानियत को सबसे ऊपर रखा। उन्होंने कहा कि जब तक मजहब से ऊपर उठकर इंसानियत जिंदा है, तब तक समाज और आवाम भी मजबूत बनी रहेगी।

जुलूस के दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। पुलिस (varanasi) बल पूरे मार्ग पर तैनात रहा और कार्यक्रम शांति व सौहार्द के साथ संपन्न हुआ।


