Varanasi Loksabha: लोकसभा चुनाव के मद्देनजर यूपी में समाजवादी पार्टी अपने कैडर को मजबूत करने में जुटी हुई है। पार्टी ने पीडीए यानी पिछड़े दलित और अल्पसंख्यकों को साधने का फुल प्लान तैयार किया है। पार्टी की मीटिंग में बूथ लेवल पर इन्हीं समुदाय के लोगों को ज्यादा जोड़ने की योजना बनाई गई है। इसकी जानकारी सोमवार को समाजवादी पार्टी महानगर अध्यक्ष दिलीप देने पत्रकारों से बातचीत में दी।
उन्होंने बताया कि समाजवादी पार्टी के PDA कैडर में बूथ लेवल पर पिछड़े वर्ग के 10 लोग शामिल होंगे। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव द्वारा बनाए गए इस फार्मूले के जरिए राज्य में पार्टी के चुनावी नैया पार लगने की उम्मीद है। महानगर अध्यक्ष के मुताबिक, PDA कैडर में संबंधित समुदाय के नामचिन हस्तियों को भी शामिल किया जा रहा है।
Varanasi Loksabha: जमीनी स्तर पर सपा चला रही अभियान
उन्होंने कहा कि प्रदेश में विपक्षी गठबंधन की अगुवाई कर रही सपा ने लोकसभा चुनाव के लिए अपना मेनिफेस्टो जारी कर दिया है। जिसमें मनरेगा के तहत मजबूरी बढ़ाने का वादा, कार्य दिवस बढ़ाने का वादा, गारंटी अधिनियम का वादा आदि शामिल हैं। दिलीप डे ने बताया कि 2024 चुनाव के बाद प्रथम संसदीय सत्र में ही इसे लागू किया जाएगा। जिले में गठबंधन के दलों और कार्यकर्ताओं द्वारा जमीनी स्तर पर चुनावी अभियान शुरू कर दिया गया है।

तानाशाही का विरोध करो, तो होगी जेल
सपा महानगर अध्यक्ष ने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि वर्तमान परिवेश में सत्ता के मद में चूर सत्ताधारी नेता संविधान की हत्या करने पर आमादा हैं तथा जो उनके तानाशाही का विरोध कर रहे हैं, उन्हें किसी प्रकार से जेल भेजने का कार्य किया जा रहा है। कहा कि यदि भाजपा की अपनी हैसियत होती, तो विपक्षी दलों के लगभग 150 प्रत्याशी उनके सिंबल से चुनाव न लड़ते।
योगी सरकार में विकास के पैसों का हुआ बंदरबांट
दिलीप डे ने योगी सरकार पर अपनी तथाकथित जीरो टॉलरेंस नीति से भटकने का भी आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि वाराणसी के विकास के लिए जो भी रुपया है, वह सिर्फ भ्रष्टाचार की सीमाओं को लांघते हुए भाजपा और उनके नेताओं के बीच बंदर बांट हुआ।
शहर की व्यवस्था बद से बदतर: दिलीप डे
सपा महानगर अध्यक्ष दिलीप डे ने आगे कहा कि शहर की व्यवस्था बद से बदतर हो गई है। इसका साफ उदाहरण है वाराणसी में गंगा का प्रदुषण। गंगा नदी में घरेलू और औद्योगिक अपशिष्ट जल छोड़ने से गंगा प्रदूषित हो गईं। इसके लिए राष्ट्रीय हरित अधिकरण विभाग ने मुख्य पर्यावरण अधिकारी को अपने जांच में दोषी पाते हुए 10 हजार रुपए का जुर्माना तक लगाया।
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उन्होंने कहा कि चुनाव में सपा इतिहास बनाने जा रही है। पूरे प्रदेश और वाराणसी तथा इसे सटे जिलों में भाजपा का खाता खुलना भी मुश्किल लग रहा है।

