Varanasi के सुंदरपुर सब्जी मंडी के पास एक क्रेन की टक्कर से 10 साल के मासूम की मौत हो गई। बालक का नाम रियासत बताया गया जो अपने पिता के साथ बाइक पर बैठकर कहीं जा रहा था। इसी बीच अचानक से एक तेज रफ्तार क्रेन ने बाइक को टक्कर मारी, जिससे पीछा बैठा रियासत सड़क पर गिर पड़ा और उसे गंभीर चोटें आई। इसके बाद बिना देर किए उसे BHU के ट्रामा सेंटर ले जाया गया, खान डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
लोगों की आंखें नम
वहीं सुंदरपुर में हुए दर्दनाक सड़क हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय विधायक सौरभ श्रीवास्तव बिना देर किए घटनास्थल पर पहुंच गए। हादसे में जान गंवा ने वाले बच्चे को गोद में लेकर विधायक (Varanasi) सड़क पर ही बैठ गए, जिससे मौके पर मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं। उन्होंने परिजनों को भरोसा दिलाया कि जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलेगा, वह स्वयं मौके पर डटे रहेंगे।
चक्का जाम खत्म कर दिया
हालांकि, विधायक ने शांति और व्यवस्था बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि चक्का जाम से आम जनता को परेशानी होती है। उन्होंने बताया कि जाम में कई एंबुलेंस और स्कूल बसें फंसी हुई हैं, इसलिए आंदोलन (Varanasi) समाप्त किया जाए। विधायक की बात का सम्मान करते हुए मृतक के परिजनों और क्षेत्रवासियों ने तत्काल चक्का जाम खत्म कर दिया।

हाइड्रा मशीन से काम कराना अनुचित
इसके बाद विधायक ने मौके से ही जिलाधिकारी से बातचीत की और प्रशासनिक अधिकारियों को तुरंत घटनास्थल पर भेजने का निर्देश दिया। कुछ ही समय में एडीएम सिटी और एसीपी भेलूपुर मौके पर पहुंच गए। विधायक ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि दिन के समय हाइड्रा मशीन से काम कराना पूरी तरह अनुचित है और इसकी जांच होनी चाहिए कि हाइड्रा को दिन में चलाने की अनुमति किसने दी। साथ ही, चौराहे पर तैनात उन पुलिसकर्मियों (Varanasi) पर भी कार्रवाई की मांग की, जिनकी लापरवाही से हाइड्रा चालक को फरार होने का मौका मिला।
मुआवजे की मांग
मृतक के परिजनों ने परिवार के भरण-पोषण के लिए मुआवजे की मांग रखी। इस पर विधायक ने तुरंत लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता से बात कर हाइड्रा मालिक को जिम्मेदार ठहराने को कहा। विधायक (Varanasi) के दबाव के बाद हाइड्रा मालिक ने पीड़ित परिवार को 15 लाख रुपये मुआवजा देने पर सहमति जताई।
मुआवजे की राशि मृतक के पिता इमरान के खाते में जमा होते ही परिजन शव लेकर अंतिम संस्कार के लिए रवाना हो गए। इस दौरान विधायक (Varanasi) सौरभ श्रीवास्तव ने खुद बच्चे के शव को गोद में उठाकर वाहन तक पहुंचाया। यह दृश्य वहां मौजूद हर व्यक्ति को भावुक कर गया।

