Violence in Varanasi: वाराणसी में ताजिया जुलुस के दौरान शनिवार को बड़ा बवाल हो गया। ताजिया जुलूस के दौरान मुस्लिम समुदाय के सिया और सुन्नी समुदाय के लोग आपस में भिड़ गए। जिसके बाद बवाल बढ़ गया। इस दौरान जमकर ईंट-पत्थर चले। जिसमें पुलिस की जीप समेत लगभग 20 वाहन क्षतिग्रस्त हुए हैं। इस उपद्रव में 50 से अधिक की संख्या में लोग घायल हुए हैं। वहीं 6 लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है। इस मामले में पुलिस ने 18 लोगों को हिरासत में लिया है।

जानकारी के मुताबिक, जैतपुरा थाना क्षेत्र के दोषीपुरा मैदान में सिया समुदाय की ताजिया बैठाई जाती है। मुहर्रम की दोपहर में दोषीपुरा के पीछे स्थित नयापुरा इलाके से करीब 20 ताजिया लेकर सुन्नी सुमदाय के लोग दोषीपुरा की ओर बढ़ गए। बताया जा रहा है कि यह मार्ग पहले से प्रतिबंधित था। जिस पर सिया सुमदाय के लोग विरोध करते हुए उनके आगे खड़े हो गए। दोनों ओर से कुछ देर में ही पथराव और बवालबाजी (Violence in Varanasi) शुरु हो गई।
मंजर ऐसा था कि दोषीपुरा मैदान के आसपास मौजूद हर मकान की छतों और बालकनी से पत्थर चल रहा था। पथराव में 50 से अधिक लोग घायल हो गए, जिसमें से छह की हालत गंभीर बताई जा रही है।
पीएससी कैंप और पुलिस की बाइक भी चढ़ी उपद्रव की भेंट
सिया और सुन्नी समुदाय के बीच हुए इस उपद्रव में पीएससी कैंप और पुलिसकर्मियों की बाइक भी उपद्रव की भेंट चढ़ गई। दरअसल, जब बवाल शुरु हुआ तो दोषीपुरा मैदान में स्थित पीएसी कैंप में मौजूद जवान और जैतपुरा थाने की पुलिस माहौल (Violence in Varanasi) को नियंत्रण करने में जुट गई। जिसपर उपद्रव कर रहे कुछ युवकों ने पीएसी कैंप और मौके पर खड़ी पुलिस कर्मियों की बाइकों में तोड़ फोड़ कर दिया। पथराव और उपद्रवियों की भीड़ देख पीएसी के जवान और पुलिस को भी पीछे हटना पड़ गया।
Violence in Varanasi: घायलों को भेजा गया अस्पताल
दो गुटों में हुए विवाद को लेकर वाराणसी पुलिस कमिश्नर ने बताया कि ताजिये को लेकर विवाद (Violence in Varanasi) हो गया था। फ़िलहाल शांति है। हमलोग बात कर रहे हैं। जो लोग घायल हैं, उन्हें अस्पताल भेजा गया है। पूरे मामले की जांच की जा रही है।