Varanasi: श्री काशी विश्वनाथ धाम में आज एक ऐसा दुर्लभ और अविस्मरणीय क्षण देखने को मिला, जिसने श्रद्धालुओं के मन को भक्ति, श्रद्धा और आध्यात्मिक आनंद से भर दिया। अत्यंत हर्षोल्लास के साथ मनाई गई श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के बाद प्रातःकाल भगवान श्री काशी विश्वनाथ की पावन मंगला आरती के दौरान भक्तों को श्री विश्वेश्वर के दिव्य स्वरूप के साथ लड्डू गोपाल के भी एक साथ दर्शन प्राप्त हुए।
मंगला आरती के पावन अवसर पर भगवान महादेव के सौम्य, सुंदर और कल्याणकारी श्री विश्वनाथ स्वरूप की आराधना के बीच लड्डू गोपाल भी श्री विश्वेश्वर (Varanasi) के साथ विराजमान रहे। एक ही स्थान पर भगवान शिव और श्रीकृष्ण के इस दिव्य मिलन का दृश्य श्रद्धालुओं के लिए आस्था, प्रेम और आध्यात्मिक आनंद से भर देने वाला रहा।
Varanasi: भक्तों के लिए बना अलौकिक अनुभव
श्री काशी विश्वनाथ धाम में घटित इस विशेष क्षण को भक्तों ने अत्यंत श्रद्धा और भाव-विभोर होकर अनुभव किया। जन्माष्टमी के उल्लास के बाद मंगला आरती (Varanasi) में कन्हैया का श्री विश्वेश्वर के साथ दर्शन होना श्रद्धालुओं के लिए विशेष पुण्यदायी और यादगार अवसर बन गया।
इस दिव्य अवसर ने शिव और कृष्ण की भक्ति परंपरा के भावात्मक संगम को भी दर्शाया। मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं के लिए यह दृश्य आध्यात्मिक आनंद और भक्ति की अनुभूति से भर देने वाला रहा।
ये भी पढ़ें:- शिक्षक दिवस पर डॉ. संध्या यादव को राष्ट्रीय शिक्षक शिरोमणि सम्मान-2026
इस अवसर पर श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास (Varanasi) की ओर से मंगलकामना की गई कि श्री विश्वेश्वर के अनुग्रह और कन्हैया के अनुराग से सनातन आस्था के सभी श्रद्धालु निरंतर समृद्ध हों। सभी के जीवन में सुख, शांति, श्रद्धा और भक्ति का संचार हो तथा सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक चेतना निरंतर सशक्त होती रहे।
