लखनऊ। राजभवन के गांधी सभागर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बुक्सा जनजातीय समूह के प्रतिनिधियों को वनाधिकार पट्टा अभिलेख प्रपत्र प्रदान किए। कार्यक्रम में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने राष्ट्रपति को स्मृति चिह्न भेंट स्वागत किया।
राष्ट्रपति ने कहा कि उत्तर प्रदेश की लगभग 25 करोड़ जनता में जनजातीय समूहों को विकास की सर्वाधिक आवश्यकता है। कोई भी समाज पीछे न रह जाए। सभी आगे बढे़ं, कोई भी बच्चा अनपढ़ न रहे।
राष्ट्रपति ने कहा कि राज्यपाल ने गांवों को गोद लेने का कार्यक्रम चलाकर इस क्षेत्र में विकास के लिए बड़ा काम किया है। राष्ट्रपति ने प्रदेश सरकार के जनजातीय समूहों के विकास के लिए किए जा रहे कार्यों पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि सरकार ने जनजातियों के विकास के लिए बहुत कुछ किया है। उन्होंने समारोह में आए बुक्सा जनजातीय समूह के प्रतिभागियों को विकास के लिए प्रेरित किया। कहा कि सबके साथ कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ें। सभी के लिए शिक्षा बहुत जरूरी है।
बेटा हो या बेटी-सभी पढ़ें। राष्ट्रपति ने शिक्षा के लिए उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा दी गई व्यवस्थाओं का उल्लेख करते हुए छात्रावासों की उपलब्धता और विद्यार्थियों को साइकिल प्रदान करने की चर्चा की। राष्ट्रपति ने जनजातीय समूहों को नई तकनीक से जोड़ने, सरकार की आवास योजनाओं के तहत आवास प्रदान करवाने, जनजातीय क्षेत्रों के निकट विद्यालयों को बनवाने की आवश्यकता पर जोर दिया। कार्यक्रम में आए प्रतिभागियों से राष्ट्रपति ने संवाद कर विकास कामों और आवश्यकताओं की जानकारी ली। उन्होंने प्रदेश में बुक्सा जनजातीय विकास के लिए चलाई जा रही योजनाओं और कार्यक्रमों पर निर्मित एक डाक्यूमेंट्री का अवलोकन भी किया।
by-sudha jaiswal