सर्वाधिक लाभ लेने वाले प्रमुख पांच शहरों में प्रयागराज प्रथम
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के 53 जिलों में शुरू हुई नेशनल मोबाइल मेडिकल यूनिट, एनएमएमयू सेवा ने अपने पांचवें वर्ष में प्रवेश के साथ ही एक करोड़ 50 लाख से अधिक मरीजों को उनके दरवाजे पर ही उपचार उपलब्ध कराने का आकंड़ा छू लिया है। इस दौरान एनएमएमयू टीमों के द्वारा विभिन्न जिलों में 15 लाख 46 हजार से अधिक लोगों का लैब टेस्ट भी किया गया है। मौजूदा समय में एनएमएमयू ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को निशुल्क प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराने के साथ ही राज्य सरकार के संचारी रोग नियंत्रण अभियान व दस्तक अभियान के जागरूकता अभियान में भी अपनी अहम भूमिका निभा रही है। कोविड काल में भी एनएमएमयू टीमों ने अपनी चिंता किये बगैर ना सिर्फ लोगों को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया बल्कि कोविड के लक्षण वाले मरीजों की सैम्पलिंग व् स्कैनिंग का कार्य भी सफलतापूर्वक किया था। उत्तर प्रदेश के 53 जिलों में नेशनल मोबाइल मेडिकल यूनिट, एनएमएमयू का शुभारंभ 18 फरवरी 2019 को प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के द्वारा किया गया था। प्रदेश में नेशनल मोबाइल मेडिकल यूनिट, एनएमएमयू का विगत चार वर्षो से सफलतापूर्वक संचालन कर रही संस्था के.एच.जी. हेल्थ सर्विसेज प्रा.लि.के असिस्टेंट मैनेजर (आई.ई सी) विशाल मिश्रा ने बताया कि सेवा प्रारम्भ होने से लेकर अब तक 10505775 मरीजों तक स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ पहुंच चुका है। यही नही इस दौरान एनएमएमयू टीमों ने 1546986 लोगों के लैब टेस्ट भी किये हैं। उन्होने बताया कि एनएमएमयू सेवा का मूल उद्देश्य दूर दराज के ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को उनके दरवाजे पर प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराना है।
sudha jaiswal

