Varanasi जिले के लंका थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। लंका स्थित महेश नगर कॉलोनी में एक बुजुर्ग पिता और उसकी बेटी ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या करने की कोशिश की। इस घटना में पिता की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि बेटी की हालत गंभीर बनी हुई है और उसका इलाज अस्पताल में चल रहा है।
जानकारी के अनुसार मृतक के भतीजे ने जब घर पहुंचकर दोनों को अचेत अवस्था में देखा तो वह घबरा गया और तत्काल पुलिस (Varanasi) को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने पिता को मृत घोषित कर दिया, जबकि बेटी की हालत नाजुक बताते हुए इलाज शुरू कर दिया। वहीं मृतकों की पहचान बृजेश तिवारी (75) और उनकी बेटी लता तिवारी (40) के रूप में हुई है।
बीमारी और पारिवारिक तनाव से परेशान थे पिता-बेटी
घटना की जांच कर रहे लंका थाना प्रभारी राजकुमार शर्मा और नगवा चौकी प्रभारी अभिषेक कुमार सिंह ने बताया कि बृजेश तिवारी पिछले छह वर्षों से पैरालिसिस से पीड़ित थे, जिसके कारण वे चलने-फिरने में असमर्थ थे। वहीं उनकी बेटी लता की शादी वर्ष 2014 में हुई थी, लेकिन 2016 में उसका तलाक हो गया था। इसके बाद से वह पिता के साथ ही रह रही थी।
Varanasi:मानसिक और आर्थिक दबाव
पुलिस (Varanasi) के अनुसार, बृजेश तिवारी की पत्नी कालिंदी देवी का कुछ दिन पहले फोर्ड अस्पताल में कूल्हे का ऑपरेशन हुआ था, जिससे परिवार की आर्थिक स्थिति और भी कमजोर हो गई थी। सोमवार रात पत्नी को अचानक ब्रेन स्ट्रोक आया। इसकी सूचना बेटे आनंद को फोन पर दी गई, लेकिन उसने फोन बंद कर लिया। इसी मानसिक और आर्थिक दबाव में आकर पिता और बेटी ने घर में रखा कीटनाशक पदार्थ पी लिया।
देवरिया के रहने वाले थे बृजेश तिवारी
बताया गया कि बृजेश तिवारी मूल रूप से देवरिया जिले के लार रोड क्षेत्र के निवासी थे। करीब 45 वर्ष पहले वे बनारस (Varanasi) आकर बस गए थे। वे डाक विभाग में बाबू के पद पर कार्यरत थे और लगभग 15 वर्ष पहले सेवानिवृत्त हो चुके थे।
फिलहाल पुलिस (Varanasi) पूरे मामले की छानबीन कर रही है। पुलिस का कहना है कि बेटे आनंद के आने के बाद ही घटना से जुड़े सभी पहलुओं की पूरी जानकारी सामने आ सकेगी।

