Ghazipur: मां सरस्वती पैरा मेडिकल कॉलेज, महेगवां में मंगलवार दोपहर एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे क्षेत्र को स्तब्ध कर दिया। डी-फार्मा अंतिम वर्ष के छात्र विपुल यादव (21) कॉलेज की छत से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए और अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही कॉलेज परिसर में अफरा-तफरी मच गई, जबकि रुहीपुर गांव (थाना बिरनो) में मृतक के परिवार और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
विपुल यादव मंगलवार दोपहर करीब 3 बजे कॉलेज की छत पर मोबाइल फोन पर किसी युवती से बात कर रहे थे। स्थानीय लोगों और छात्रों के बीच चर्चा है कि बातचीत के दौरान भावावेश या उत्तेजना में आकर उन्होंने छत से छलांग लगा दी। हालांकि पुलिस (Ghazipur) ने इसे अभी हादसा या आत्महत्या मानकर जांच शुरू की है और कॉल डिटेल्स, मोबाइल रिकॉर्ड्स की जांच कर रही है।
परिजनों में फैला मातम
घटना (Ghazipur) के तुरंत बाद कॉलेज प्रशासन और छात्रों ने विपुल को गंभीर हालत में मऊ के जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मृतक विपुल यादव दो भाइयों में बड़े थे। उनका छोटा भाई विकास यादव ड्राइवर का काम करता है। परिवार के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव (Ghazipur) पहुंचने पर परिजनों ने बताया, बेटा पढ़ाई में अच्छा था, कभी ऐसी बात नहीं की। अचानक यह कैसे हो गया?
Ghazipur: पिछले विवाद ने बढ़ाए सवाल ?
यह घटना मां सरस्वती पैरा मेडिकल इंस्टीट्यूट के लिए लगातार दूसरा बड़ा विवाद है। पिछले साल अक्टूबर 2025 में बीएससी नर्सिंग के सैकड़ों छात्र-छात्राओं ने कॉलेज परिसर में जोरदार प्रदर्शन किया था। छात्रों का आरोप था कि इंडियन नर्सिंग काउंसिल (INC) की मान्यता का नवीनीकरण नहीं हुआ है, फिर भी गलत जानकारी देकर एडमिशन लिए गए और फीस वसूली गई। छात्रों ने जिलाधिकारी (Ghazipur) को शिकायत पत्र भी सौंपा था, जिसमें फर्जीवाड़े के आरोप लगाए गए थे। कॉलेज प्रबंधन ने आरोपों को निराधार बताया था, लेकिन अब छात्र की मौत के बाद कॉलेज की सुरक्षा व्यवस्था, छत पर रेलिंग की कमी और छात्रों की मानसिक स्वास्थ्य निगरानी पर सवाल खड़े हो गए हैं।
थानाध्यक्ष तारावती यादव ने बताया, शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया गया है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई तय होगी। कॉलेज के सह-प्रबंधक मनीष यादव ने कहा, घटना की सूचना मिलते ही छात्र को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन बचाया नहीं जा सका। परिजनों को भी सूचित किया गया।

