वाराणसी। काशी में एक महीने का काशी तमिल संगमम चल रहा है। काशी के सांसद और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के संसदीय क्षेत्र में इस आयोजन ने काशी और तमिलनाडु के संबंध को जहां मजबूती प्रदान की है तो वहीं यहां पर्यटन को भी बढ़ावा दिया है। इनके बीच तमिलनाडु का ही एक ट्रस्ट अपने दायित्वों से विमुख है। नाटुकोट्टई नगर क्षेत्रम के जिम्मे यहां माता विशालाक्षी मंदिर की देखभाल और रखरखाव है। मगर वह मंदिर के प्रति घोर उदासीनता बरत रहा है। ट्रस्ट की हठधर्मिता का ही नतीजा है कि बिजली विभाग ने लगभग दो लाख का बकाया होने के कारण लाइन काट दी है। मंदिर के महंत वैकल्पिक व्यवस्था का सहारा लेकर काम चला रहे हैं। विभाग ने बकाया भुगतान के लिए ट्रस्ट से कहा तो उसने भुगतान के बजाय उन्हें मंदिर की लाइन काट देने को कहा। गौरतलब है कि माता विशालाक्षी दक्षिण भारतीय श्रद्धालुओं की आराध्य देवी हैं। ऐसे में मंदिर के प्रति ट्रस्टियों की उदासीनता समझ से परे है।

