UP: वाराणसी के कैंट विधानसभा क्षेत्र के विधायक सौरभ श्रीवास्तव ने उत्तर प्रदेश सरकार के बजट का समर्थन किया। उन्होंने इसे “25 करोड़ प्रदेशवासियों के सपनों और भविष्य की दिशा तय करने वाला दस्तावेज” बताया। उन्होंने कहा कि लगभग 9 लाख करोड़ रुपये का यह बजट प्रदेश को एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने की दिशा में सशक्त कदम है। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी, योगी आदित्यनाथ और वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश बीमारू राज्य की छवि से निकलकर रेवेन्यू सरप्लस स्टेट बना है।
बजट (UP) में सड़क, एक्सप्रेस-वे, रेल कनेक्टिविटी, मेट्रो और हवाई अड्डों के विस्तार के लिए 94,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देने हेतु 27,103 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं, जो पिछले बजट से 13% अधिक है। सभी 75 जिलों में एकीकृत औद्योगिक केंद्र विकसित करने की योजना है।
एमएसएमई, ओडीओपी, स्टार्टअप नीति और निर्यात प्रोत्साहन के माध्यम से रोजगार सृजन को गति दी जाएगी। AI मिशन के लिए 225 करोड़ रुपये, 8 डेटा सेंटर पार्क की स्थापना के लिए 30,000 करोड़ रुपये तथा स्टेट डाटा सेंटर 2.0 के लिए 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
शिक्षा, स्वास्थ्य और कृषि को प्राथमिकता
प्राथमिक से उच्च शिक्षा तक 1.12 लाख करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है। स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 37,956 करोड़ रुपये (कुल बजट का 6%) निर्धारित किए गए हैं। कृषि क्षेत्र में खाद, बीज, सिंचाई और कृषि आधारित उद्योगों को प्रोत्साहन देने की योजना है। दुग्ध उत्पादन, मत्स्य पालन और पशुपालन को भी बढ़ावा दिया जाएगा।
UP: महिला सशक्तिकरण और सामाजिक सुरक्षा
महिला स्व-सहायता समूहों, स्वरोजगार योजनाओं, वृद्धावस्था पेंशन, दिव्यांगजन सहायता और आवास योजनाओं के विस्तार पर भी विशेष ध्यान दिया गया है।
काशी के लिए विशेष प्रावधान
विधायक श्रीवास्तव ने कहा कि काशी के धार्मिक पर्यटन क्षेत्रों के विकास हेतु 100 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है। घाटों, यातायात, स्वच्छता और सुरक्षा के इंफ्रास्ट्रक्चर को सुदृढ़ किया जाएगा। काशी-विंध्य रीजनल डेवलपमेंट अथॉरिटी के गठन से आसपास के क्षेत्रों में भी विकास को गति मिलेगी।
उन्होंने अपने विधानसभा क्षेत्र (UP) की समस्याओं का उल्लेख करते हुए एक और फ्लिपर गेट परियोजना की मांग की, जिससे क्षेत्र को पूरी तरह बाढ़ मुक्त किया जा सके। अस्सी घाट से संत रविदास घाट और सामनेघाट तक कटान रोकने के लिए घाटों को पक्का करने की आवश्यकता बताई।
रामनगर में स्थित पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के पैतृक आवास क्षेत्र में डिग्री कॉलेज स्थापना, घाट विस्तार और मूलभूत सुविधाओं के लिए विशेष पैकेज की मांग की गई। साथ ही काशी (UP) के प्राचीन कुंडों—सगरा, सोनिया, देवपोखरी, मोतीझील—तथा रामनगर किले स्थित संग्रहालय के संरक्षण और सौंदर्यीकरण की आवश्यकता पर बल दिया।
अंत में विधायक ने कहा कि यह बजट केवल वर्तमान जरूरतों को नहीं, बल्कि भविष्य की चुनौतियों (UP) को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। उन्होंने सरकार, प्रशासन और जनता से मिलकर योजनाओं को धरातल पर उतारने का आह्वान किया।
