Varanasi: वाराणसी के लंका थाना अंतर्गत नगवां में सब्जी विक्रेता की मौत मामले में एक्शन लेते हुए पुलिस के उच्च अधिकारियों ने दो पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया था। अब इस मामले में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश पर बड़ी संख्या में सपा नेता मृतक युवक के परिजनों से मिलने पहुंचे। चंदौली सांसद वीरेंद्र सिंह व रॉबर्ट्सगंज सांसद छोटेलाल खरवार ने परिजनों को ढांढस बंधाया और हर संभव मदद करने का आश्वासन दिया।
मृतक के पिता शारदा सोनकर से बातचीत के दौरान सांसद ने कहा कि हम लोग आपकी बातें संसद में भी रखेंगे ।इसके साथ ही वाराणसी के कमिश्नर को मिलकर उन्हें पत्रक दिया जाएगा और उनसे आर्थिक सहयोग के लिए भी कहा जाएगा। इस दौरान मृतक युवक के पिता शारदा सोनकर ने बताया कि हम लंका खाने में होमगार्ड की नौकरी करते हैं। हमारे ऊपर दबाव मनाया जा रहा है और हमें नौकरी से निकालने की धमकी भी दी जा रही है। इस पर सांसद ने कहा कि आपके साथ सपा का पूरा प्रतिनिधिमंडल है और आपके साथ ऐसा कुछ नहीं होने दिया जाएगा।
पत्रकारों से वार्ता के दौरान सांसद वीरेंद्र सिंह ने कहा कि यह जो दुर्घटना घटी है, इसमें न्याय दिलाने के लिए राष्ट्रीय अध्यक्ष माननीय अखिलेश यादव जी ने हम लोगों को भेजा है। उन्होंने भाजपा सरकार को घूरते हुए कहा कि भाजपा सरकार में जो अत्याचार हो रहा है, उसमें यह अपने आप को अकेला ना समझे। कहा कि उनके बेटे को न्याय दिलाने के लिए इनको न्याय दिलाने के लिए हम सब मिलकर के उनके साथ इस लड़ाई को आगे बढ़ाएंगे। इसे हम लोगों ने सहमति भी लिया है और इस पूरी घटना की जांच राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग से कराया जाए। ताकि दूध का दूध पानी का पानी हो सके।

Varanasi: वीरेंद्र सिंह ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल
वीरेंद्र सिंह ने कहा कि पुलिस के अधिकारी पुलिस की जांच नहीं करेंगे। यह विश्वास किसी को नहीं है। पुलिस के अधिकारी पुलिस की जांच नहीं करेंगे। यह विश्वास किसी को नहीं है किवहलोग न्याय करेंगे। सपा राष्ट्रीय अध्यक्ष के निर्देश पर यहां आकर हमलोगों ने उनके परिवार के लोगों से पूरी घटना की जानकारी ली। पुलिस के द्वारा जिस तरीके से हीला हवाली की जा रही है, अभी भी अधिकारियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई है। जिससे इस परिवार को थोड़ा भी बहुत संतोष या राहत हो।
सपा सांसद ने कहा कि एक तो न्याय नहीं हो रहा है, ऊपर से उन्हें धमकी भी दी जा रही है कि इन्हें नौकरी से निकाल दिया जाएगा। उन्होंने सरकार से मांग किया कि मृतक के परिजनों को 10 लाख रुपया आर्थिक सहायता के रूप में दिया जाए दिया।

ये है मामला
बता दें कि पिछले दिनों लंका थाना क्षेत्र में एक छात्रा से सब्जी विक्रेता विशाल सोनकर नामक युवक का विवाद हो गया। मॉर्निग वॉक पर निकले लंका थाना क्षेत्र के थाना प्रभारी शिवाकांत मिश्रा दो पुलिसकर्मियों के साथ वहां से गुजरते वक्त मौके पर पहुंचे। छात्रा और युवक के विवाद में थाना प्रभारी के सामने दो पुलिसकर्मियों ने युवक को डांट फटकार लगाते हुए थप्पड़ जड़ दिया। वहीं छात्रा मौके पर पहुंची और युवक के ऊपर दो तीन थप्पड़ चला दिया। परिजनों ने आरोप लगाया था कि बीच सड़क सभी के सामने लड़की और पुलिसकर्मियों से थप्पड़ खाने से क्षुब्ध होकर युवक ने गंगा छलांग लगाकर आत्महत्या कर लिया।