Varanasi: भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (काशी हिन्दू विश्वविद्यालय), वाराणसी का 15वां दीक्षांत समारोह शनिवार को स्वतंत्रता भवन, काशी हिन्दू विश्वविद्यालय में गरिमामय एवं उत्साहपूर्ण वातावरण में आयोजित किया गया। समारोह में विभिन्न स्नातक, स्नातकोत्तर एवं शोध कार्यक्रमों के कुल 2,048 विद्यार्थियों को उपाधियां प्रदान की गईं।
समारोह में आदित्य बिरला समूह के अध्यक्ष श्री कुमार मंगलम बिरला मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। आईआईटी बीएचयू (Varanasi) के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के अध्यक्ष डॉ. कोटा हरिनारायण ने समारोह की अध्यक्षता की, जबकि बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के उपाध्यक्ष एवं काशी हिंदू विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अजीत कुमार चतुर्वेदी ने विशिष्ट अतिथि के रूप में समारोह की शोभा बढ़ाई। बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के सदस्य डॉ. महेंद्र नाथ पांडेय भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।

छह श्रेणियों में 2,048 उपाधियां प्रदान
चेयरमैन सीनेट एवं संस्थान के निदेशक प्रो. अमित पात्रा ने निदेशक प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए संस्थान की शैक्षणिक उपलब्धियों, शोध गतिविधियों, तकनीकी प्रगति तथा संस्थागत विकास की प्रमुख उपलब्धियों को रेखांकित किया।
इस वर्ष कुल 2,048 उपाधियां प्रदान की गईं, जिनका श्रेणीवार विवरण इस प्रकार है:
1,106 बैचलर ऑफ टेक्नोलॉजी (बी.टेक.)
385 इंटीग्रेटेड ड्यूल डिग्री (आईडीडी)
322 मास्टर ऑफ टेक्नोलॉजी/मास्टर ऑफ फार्मेसी (एम.टेक./एम.फार्म.)
182 डॉक्टर ऑफ फिलॉसफी (पीएच.डी.)
39 मास्टर ऑफ साइंस (एम.एससी.)
14 बैचलर ऑफ आर्किटेक्चर (बी.आर्क.)
डीन (शैक्षणिक कार्य) (Varanasi) प्रोफेसर देवेंद्र सिंह द्वारा विभिन्न श्रेणियों के उपाधि प्राप्तकर्ताओं को प्रस्तुत किया गया तथा मुख्य अतिथि श्री कुमार मंगलम बिरला द्वारा विद्यार्थियों को मेडल और उपाधियां प्रदान की गईं।

राष्ट्रपति एवं निदेशक स्वर्ण पदक से मेधावी विद्यार्थी सम्मानित
समारोह (Varanasi) में शैक्षणिक उत्कृष्टता एवं विशिष्ट उपलब्धियों के लिए विद्यार्थियों को विभिन्न पदकों एवं पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। कुल 62 पदक एवं पुरस्कार प्राप्तकर्ताओं को सम्मानित किया गया। इनमें स्वर्ण पदक, रजत पदक, संस्थान एवं विभागीय पदक, स्मृति एवं न्यास पदक, नकद पुरस्कार तथा अन्य सम्मान शामिल हैं।

सुश्री हरजस कौर (रोल नंबर 22095040), इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग विभाग को उत्कृष्ट शैक्षणिक प्रदर्शन के लिए प्रतिष्ठित राष्ट्रपति स्वर्ण पदक प्रदान किया गया।
निदेशक स्वर्ण पदक से दो मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया:
लखादिवे मेहुलकुमार राजकुमार (रोल नंबर 21064017), सिविल इंजीनियरिंग विभाग।प्रतीक त्रिपाठी (रोल नंबर 22075062), कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग।ये प्रतिष्ठित सम्मान विद्यार्थियों की शैक्षणिक उपलब्धियों, सर्वांगीण उत्कृष्टता, नेतृत्व क्षमता एवं संस्थान के प्रति उनके योगदान को मान्यता प्रदान करते हैं।मुख्य अतिथि श्री कुमार मंगलम बिरला को मानद डॉक्टर ऑफ साइंस की उपाधि15वें दीक्षांत समारोह (Varanasi) का एक प्रमुख आकर्षण मुख्य अतिथि श्री कुमार मंगलम बिरला को मानद डॉक्टर ऑफ साइंस (मानद) की उपाधि प्रदान किया जाना रहा।

अध्यक्ष, सीनेट द्वारा मुख्य अतिथि का परिचय प्रस्तुत करने तथा प्रशस्ति-पत्र का वाचन किए जाने के उपरांत, प्रो. अमित पात्रा, निदेशक एवं अध्यक्ष, सीनेट, आईआईटी बीएचयू (Varanasi) द्वारा श्री कुमार मंगलम बिरला को यह मानद उपाधि प्रदान की गई। यह सम्मान उनके विशिष्ट योगदान एवं उल्लेखनीय उपलब्धियों के प्रति संस्थान की मान्यता का प्रतीक है।

Varanasi: विशिष्ट अतिथियों के संबोधन से गरिमामय हुआ समारोह
समारोह में बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के सदस्य डॉ. महेंद्र नाथ पांडेय, उपाध्यक्ष प्रो. अजीत कुमार चतुर्वेदी तथा अध्यक्ष डॉ. कोटा हरिनारायण ने अपने विचार व्यक्त किए।मुख्य अतिथि कुमार मंगलम बिरला ने दीक्षांत संबोधन में विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य, व्यावसायिक उपलब्धियों एवं राष्ट्र निर्माण में उनकी भावी भूमिका के प्रति अपने विचार साझा किए।

इससे पूर्व समारोह (Varanasi) का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चार के साथ शैक्षणिक शोभायात्रा के आगमन से हुआ। इसके उपरांत मंचासीन गणमान्य अतिथियों द्वारा महामना पंडित मदन मोहन मालवीय जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। कार्यक्रम में मंगलाचरण, राष्ट्रगीत एवं संस्थान के कुलगीत की प्रस्तुति हुई। तत्पश्चात बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के अध्यक्ष ने दीक्षांत समारोह के शुभारंभ की औपचारिक घोषणा की।

उपाधियों एवं पदकों के वितरण के उपरांत गणमान्य अतिथियों को स्मृति-चिह्न भेंट किए गए। कुलसचिव श्री सुमित कुमार बिस्वास ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया। इसके पश्चात बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के अध्यक्ष द्वारा समारोह के समापन की घोषणा की गई तथा राष्ट्रगान एवं वैदिक मंत्रों के साथ समारोह संपन्न हुआ।

शैक्षणिक उत्कृष्टता की गौरवशाली परंपरा का उत्सव
आईआईटी (बीएचयू) का 15वां दीक्षांत समारोह संस्थान की शिक्षा, उन्नत शोध, नवाचार एवं राष्ट्र निर्माण के प्रति प्रतिबद्धता को पुनः रेखांकित करता है। यह अवसर उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के लिए उनके जीवन की एक नई यात्रा का शुभारंभ है। संस्थान को विश्वास है कि इसके विद्यार्थी अपने ज्ञान, कौशल, नैतिक मूल्यों एवं नवाचार की भावना से देश और समाज के विकास में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।

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समारोह में बोर्ड ऑफ गवर्नर्स एवं सीनेट के सदस्यों, संकाय सदस्यों, संस्थान के अधिकारियों एवं कर्मचारियों, उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों तथा अन्य गणमान्य अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति रही।


