Mau: घोसी कोतवाली क्षेत्र के धरौली स्थित चीनी मिल के पास मंगलवार सुबह मेमो ट्रेन की चपेट में आने से 42 वर्षीय अवधेश की मौत हो गई। वह कबाड़ी का काम कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनकी मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पत्नी कुसुम और तीन वर्षीय बेटी आरुषि तथा एक वर्षीय बेटे आयुष के सामने अब जीवनयापन की चुनौती खड़ी हो गई है। हादसे की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया।
जानकारी के अनुसार बड़ागांव उत्तरी निवासी अवधेश पुत्र स्व. शिवचरण मंगलवार सुबह करीब 7:30 बजे घर से दवा लेने के लिए निकले थे। इसी दौरान (Mau) धरौली स्थित चीनी मिल के पास वाराणसी से दोहरीघाट जा रही मेमो ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसे में उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई। सूचना पर पहुंची घोसी कोतवाली पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू की।
कबाड़ी का काम कर चलाते थे परिवार
अवधेश की आर्थिक स्थिति कमजोर बताई जा रही है। वह कबाड़ी का काम करके परिवार की जरूरतें पूरी करते थे। उनकी कमाई से ही घर का खर्च चलता था। ऐसे में परिवार के कमाऊ सदस्य की अचानक मौत से पत्नी कुसुम के सामने बच्चों की परवरिश और परिवार के भरण-पोषण का संकट खड़ा हो गया है। तीन वर्षीय आरुषि और एक वर्षीय आयुष अभी इतने छोटे हैं कि उन्हें पिता के हमेशा के लिए बिछड़ जाने का अहसास भी नहीं है। वहीं इस घटना ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।
Mau: पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया शव
क्षेत्राधिकारी घोसी (Mau) सत्येंद्र भूषण तिवारी ने बताया कि ट्रेन की चपेट में आने से अधेड़ की मौत हुई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। मामले में आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
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