Varanasi: रोहनिया के बच्छांव में एमएससी छात्रा श्रेया उपाध्याय की हत्या के मामले में पुलिस ने सोमवार सुबह मुठभेड़ के दौरान आरोपी के एक साथी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार पुनीत मिश्रा मुख्य आरोपी विवेक चौबे का दोस्त है और उसने हत्या की साजिश में भूमिका निभाई थी। मुठभेड़ के दौरान पुनीत के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया।
पुलिस ने उसके कब्जे से 315 बोर का तमंचा, कारतूस और खोखे बरामद किए हैं। कार्रवाई के दौरान बाइक सवार उसका एक अन्य साथी मौके से फरार हो गया। हालांकि, श्रेया के परिजनों ने गिरफ्तार आरोपी को पहचानने और पुलिस की इस कहानी से सहमति जताने से इनकार किया है।
पुलिस का दावा- हत्या के लिए दोस्तों को दिया था पैसों का लालच
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में सामने आया कि मऊ निवासी पुनीत मिश्रा श्रेया हत्याकांड (Varanasi) के मुख्य आरोपी विवेक चौबे का करीबी है। आरोप है कि विवेक ने श्रेया की हत्या के लिए अपने साथियों को लाखों रुपये देने का लालच दिया था।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि हत्या की साजिश में पुनीत की वास्तविक भूमिका क्या थी और कथित तौर पर कितने लोगों को इसमें शामिल किया गया था। फरार आरोपी की तलाश भी जारी है।
Varanasi के अलावा छह जिलों और दो राज्यों में जारी तलाश
श्रेया का शव 20 अगस्त को बच्छांव स्थित एक कमरे के बाथरूम से बरामद हुआ था। इसके बाद से मुख्य आरोपी विवेक चौबे फरार है। पुलिस (Varanasi) के अनुसार, आरोपी लगातार अपना ठिकाना बदल रहा है और उसका मोबाइल भी बंद है।
पुलिस ने आसपास के इलाकों में लगे 150 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली है। कुछ फुटेज में आरोपी के दिखाई देने की बात सामने आई है। पुलिस (Varanasi) उसकी घटना से पहले और बाद की गतिविधियों को जोड़कर संभावित रास्तों और ठिकानों की जानकारी जुटा रही है। आरोपी की तलाश वाराणसी (Varanasi) तक सीमित नहीं है। पुलिस की चार टीमें छह जिलों के साथ दो राज्यों में उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। रिश्तेदारों और परिचितों से भी पूछताछ की जा रही है।
18 अगस्त को घर से कॉलेज के लिए निकली थी श्रेया
श्रेया 18 अगस्त को घर से कॉलेज जाने के लिए निकली थी, लेकिन शाम तक वापस नहीं लौटी। परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की और पुलिस (Varanasi) को सूचना दी। मोबाइल लोकेशन के आधार पर उसका पता बच्छांव क्षेत्र में मिला। पुलिस जांच में सामने आया कि विवेक चौबे इसी इलाके में किराए के कमरे में रहता था और श्रेया से उसका पहले से परिचय था।
कमरे की चाबी से खुला हत्या का राज
परिजनों ने विवेक के बारे में जानकारी जुटाते हुए उसके ननिहाल मिर्जापुर के सीखड़ क्षेत्र के भुआलपुर गांव में भी संपर्क किया। वहां विवेक नहीं मिला, लेकिन उसके बैग से किराए के कमरे की चाबी मिली।
परिजन चाबी लेकर बच्छांव स्थित कमरे पर पहुंचे। ताला खोलते ही अंदर से तेज दुर्गंध आई। बाथरूम की तलाशी लेने पर श्रेया का शव पड़ा मिला। सूचना के बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और हत्या की जांच शुरू की।
परिवार का आरोप- पुलिस ने समय रहते नहीं की कार्रवाई
श्रेया के परिजनों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। चचेरे भाई अंशुमान उपाध्याय का आरोप है कि 18 अगस्त को ही मोबाइल लोकेशन बच्छांव (Varanasi) में मिलने के बाद पुलिस को विवेक के कमरे की जानकारी दी गई थी।
परिवार का दावा है कि कमरे पर ताला लगा होने के बावजूद पुलिस (Varanasi) ने उसे खोलने या तोड़ने से इनकार कर दिया। परिजनों का कहना है कि यदि उसी समय कमरे की तलाशी ली जाती तो शायद श्रेया का शव पहले ही बरामद हो जाता और आरोपी को फरार होने का मौका नहीं मिलता। परिवार के अनुसार, पुलिस (Varanasi) ने उस समय यह कहकर कार्रवाई नहीं की कि दोनों बालिग हैं और संभव है कि कहीं चले गए हों।
पिता का आरोप- शादी से इनकार पर दी थी धमकी
श्रेया के पिता सुनील उपाध्याय ने आरोप लगाया कि विवेक उनकी बेटी से शादी करना चाहता था। परिवार ने श्रेया की शादी पास के गांव में तय कर दी थी और सगाई भी हो चुकी थी। फरवरी 2027 में शादी की तारीख तय थी।
पिता का आरोप है कि इसके बाद विवेक नाराज हो गया और श्रेया की मां को धमकी दी थी कि वह भी देखेगा कि शादी कैसे होती है। परिवार का दावा है कि विवेक पहले भी श्रेया के पिता को जान से मारने की धमकी दे चुका था।
नीट की तैयारी कर डॉक्टर बनना चाहती थी श्रेया
श्रेया अपने परिवार की इकलौती बेटी थी। परिजनों के अनुसार, वह नीट की तैयारी कर मेडिकल की पढ़ाई करना चाहती थी। परिवार (Varanasi) उसे पढ़ाई के लिए बाहर भेजने के पक्ष में नहीं था, जिसके बाद उसने वाराणसी के जगतपुर पीजी कॉलेज में दाखिला लिया था। वह एमएससी प्रथम वर्ष की छात्रा थी।
पोस्टमार्टम के बाद सामने आई जानकारी के अनुसार, श्रेया की मौत अत्यधिक रक्तस्राव के कारण हुई। उसके शरीर पर धारदार हथियार से चोट के निशान मिलने की बात भी सामने आई है। पुलिस ने जांच के लिए अन्य नमूने भी सुरक्षित कराए हैं।
यह भी पढ़े:- कश्मीर के दर्द से डॉक्टर बनीं, जुनून ने बनाया अभिनेत्री, जानिए इस एक्ट्रेस की अनकही कहानी
फिलहाल पुलिस (Varanasi) मुख्य आरोपी विवेक चौबे की गिरफ्तारी और हत्या की पूरी साजिश का खुलासा करने में जुटी है। वहीं, श्रेया के परिवार की मांग है कि मामले में पुलिस की शुरुआती कार्रवाई की भी जांच हो और सभी आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
