Assi River: विलुप्त होने के कगार पर आई पौराणिक नदी अस्सी का पुनरुद्धार होगा। इसके लिए वीडीए ने IIT बीएचयू से समझौता किया है। जिसके बाद इस नदी को विलुप्त होने से रोका जायेगा। साथ ही यह नदी अपने पौराणिक स्वरुप में वापस आ सकेगी।
IIT-BHU के प्रोफेसर एस० एस० मंडल एवं वीडीए के अधिशासी अभियंता आनंद कुमार मिश्रा के बीच एमओयू पर इसके लिए हस्ताक्षर किए गये। इस दौरान IIT बीएचयू के निदेशक प्रोफेसर अमित पात्रा और वाराणसी विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष पुलकित गर्ग (IAS), प्रोफेसर विकास दुबे, डीन आर एण्ड डी, अन्य डीनए वरिष्ठ प्रोफेसर एवं प्राधिकरण के प्रतिनिधि सहित गणमान्य व्यक्तियों ने भाग लिया।
Assi River: ब्लू प्रिंट के माध्यम से करेंगे काम
अस्सी नदी के पुनरुद्धार के लिए एम०ओ०यू० के तहत आईआईटी बीएचयू द्वारा इसके लिए ब्लू प्रिंट निकालकर नदी के बेसिन का भू-तकनीकी, भू-भौतिकीय एवं भू-आकृति विज्ञान अध्ययन किया जायेगा। अस्सी रीवर फ्रन्ट की योजना और डिजाइन तैयार कर उस पर कार्य किया जायेगा। इसके लिए 8 महीने की समय सीमा निर्धारित की गई है। जो कि चार चरणों में पूरी की जाएगी।

