Dowry harassment: चंदौली जनपद से एक बेहद ही चौका देने वाली घटना सामने आरही है। चंदौली में तैनात दो पीसीएस (SDM) अधिकारीयों ने अपने व्यक्तिगत मामले को थाने तक पहुंचा दिया। सदर तहसील में तैनात उप जिलाधिकारी दिव्या ओझा के पिता ने अपने एसडीएम दामाद पर दहेज़ उत्पीड़न का आरोप लगते हुए प्रतापगढ़ के शाहगंज महिला थाने में मुकदमा दर्ज कराया। दामाद एसडीएम अनुपम मिश्रा पीडीडीयू नगर के तहसील में तैनात है।
आरोप है कि शादी के समय भारी दहेज (Dowry harassment) देने के बावजूद अनुपम मिश्रा और उनके परिवार ने 50 करोड़ रुपये की मांग की और दिव्या को प्रताड़ित किया। पीड़िता के पिता ने पीडीडीयू नगर के एसडीएम अनुपम मिश्रा के पिता प्रमोद मिश्रा, माता शशि मिश्रा, बहन पूजा पांडेय और प्रीति पांडेय के खिलाफ गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कराया है।
जानकारी के अनुसार, पूर्व कैबिनेट मंत्री शिवाकांत ओझा की भतीजी दिव्या ओझा (2017 बैच) की शादी दिसंबर 2020 में अनुपम मिश्रा (2019 बैच) के साथ हुई थी। दिव्या के पिता निशाकांत ओझा ने प्रतापगढ़ के महिला थाने में तहरीर देते हुए बताया कि शादी के समय से ही ससुराल पक्ष द्वारा प्रताड़ना (Dowry harassment) शुरू कर दी गई थी।
Dowry harassment: गला दबाकर मारने का प्रयास
पिता ने तहरीर दी है कि प्रयागराज के नैनी क्षेत्र के एडीए कालोनी निवासी अनुपम मिश्रा के साथ वर्ष 2020 में उनकी बेटी दिव्या ओझा की शादी हुई थी। आरोप लगते हुए उन्होंने कहा कि शादी के समय दस लाख खाते में, 28 लाख कैश और 40 लाख के आभूषण तथा सात लाख का सामान दिया गया। इसके बाद भी अनुपम मिश्रा द्वारा कई बार गला दबाकर मारने का प्रयास किया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रतापगढ़ पुलिस ने दहेज उत्पीड़न, जान से मारने की कोशिश और अन्य सुसंगत धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। महिला थाना प्रभारी मीनाक्षी पांडेय ने बताया कि जांच शुरू कर दी गई है और जल्द ही चार्जशीट दाखिल की जाएगी।
पूर्व मंत्री शिवाकांत ओझा ने इसे परिवार का निजी मामला बताते हुए सार्वजनिक टिप्पणी से इनकार किया है। दो जिम्मेदार पदों पर बैठे अधिकारियों के बीच इस तरह के आरोपों ने प्रशासनिक महकमे में हडकंप मचा दिया है।

