Varanasi में गुरुवार की देर रात आए तेज आंधी-तूफान और बारिश ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया। शहर के कई इलाकों में पेड़ गिरने से मार्ग बाधित हो गए, जबकि कुछ स्थानों पर दीवारें और बिजली के खंभे भी क्षतिग्रस्त हो गए। हालांकि राहत की बात यह रही कि किसी प्रकार की जनहानि की सूचना नहीं है।

छावनी क्षेत्र में आधा दर्जन पेड़ गिरे
कैन्टोमेंट क्षेत्र में तेज आंधी के चलते अलग-अलग स्थानों पर करीब आधा दर्जन पेड़ धराशाई हो गए। लाल चर्च के पास एक विशाल पेड़ उखड़कर सड़क पर गिर पड़ा, जिसकी चपेट में आने से वहां खड़ा एक टेंपो ट्रेवलर आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गया। साथ ही चर्च की दीवार को भी नुकसान पहुंचा। घटना के समय मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई।

इसी तरह मिंट हाउस स्टेशन मार्ग (Varanasi) पर भी एक बड़ा नीम का पेड़ गिरने से आवागमन बाधित हो गया। सूचना मिलने पर छावनी प्रशासन मौके पर पहुंचा और पेड़ हटवाकर रास्ता बहाल कराया। वहीं 39 जीटीसी गेट नंबर-6 के समीप भी पेड़ गिरने की सूचना मिली। प्रशासन ने रात में ही राहत और सफाई कार्य शुरू करा दिया।

बनकटी हनुमान मंदिर के पास लोगों में दहशत
बनकटी हनुमान मंदिर के पास स्थित गली में एक बड़ा पेड़ गिरने से स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है। पेड़ गिरने से पास की एक दीवार भी क्षतिग्रस्त होकर ढह गई। स्थानीय निवासी गिरीश कुमार मिश्रा ने नगर निगम पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि कई बार शिकायत और 50 से अधिक प्रार्थना पत्र देने के बावजूद अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं किया गया।

स्थानीय लोगों का कहना है कि गली में गिरा पेड़ आवागमन में बाधा बना हुआ है और बारिश के दौरान स्थिति और गंभीर हो सकती है। मोहल्लेवासियों ने नगर निगम से तत्काल पेड़ हटाने और जर्जर पेड़ों की जांच कराने की मांग की है।

Varanasi: पंचकोशी मार्ग पर पेड़ गिरने से लगा जाम
हरहुआ चौराहे (Varanasi) से रामेश्वर पंचक्रोशी मार्ग पर शुक्रवार भोर तेज आंधी और बारिश के दौरान एक नीम का पेड़ सड़क पर गिर गया, जिससे मार्ग पूरी तरह बाधित हो गया। अधिक मास के चलते इन दिनों पंचकोशी यात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ी हुई है। ऐसे में मार्ग अवरुद्ध होने से श्रद्धालुओं, ग्रामीणों और सब्जी व्यापारियों को भारी परेशानी (Varanasi) का सामना करना पड़ा। कई वाहन चालकों को वैकल्पिक रास्तों से होकर गुजरना पड़ा, जबकि सड़क के दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई।

स्थानीय लोगों ने बारिश के बीच पेड़ की डालियां काटकर करीब आधे घंटे बाद रास्ता चालू कराया। पेड़ गिरने से एक बिजली का खंभा भी टूट गया, जिससे क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति बाधित हो गई।

बारिश के बाद बदला मौसम, घाटों पर बढ़ी रौनक
बारिश के बाद शहर का मौसम पूरी तरह सुहाना हो गया। तेज गर्मी और उमस से राहत मिलने के बाद लोग सुबह से ही गंगा घाटों (Varanasi) की ओर निकल पड़े। अस्सी घाट, दशाश्वमेध घाट, नमो घाट और राजघाट पर सुबह से ही लोगों की भीड़ दिखाई दी। परिवार और मित्रों के साथ लोग गंगा किनारे ठंडी हवाओं और खुशनुमा मौसम का आनंद लेते नजर आए। घाटों पर श्रद्धालुओं, पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों की चहल-पहल सामान्य दिनों की तुलना में अधिक रही।

अगले कुछ दिनों तक आंधी और बारिश की संभावना
BHU के भू-भौतिकी विभाग के मौसम वैज्ञानिक प्रो. मनोज कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के कारण पूर्वांचल के मौसम (Varanasi) में बदलाव हुआ है। उन्होंने कहा कि आगामी दो से तीन दिनों तक बादलों की आवाजाही बनी रहेगी और कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं।

उन्होंने लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने की सलाह देते हुए कहा कि बारिश के चलते तापमान में कमी आएगी और लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिलेगी।

