Varanasi: शहर के मध्यमेश्वर वार्ड से सपा पार्षद भइया लाल यादव मुश्किल में घिर गए हैं। एक विधवा महिला ने उन पर लगातार फोन कर बातचीत के लिए दबाव बनाने और बात न करने पर खुदकुशी की धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है। महिला की तहरीर पर चेतगंज थाने में बीएनएस की धारा 78(2) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है और पुलिस ने पार्षद को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी है।
महिला ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि करीब आठ साल पहले उसके पिता की तबीयत खराब थी। उस समय भइया लाल यादव ने उसकी आर्थिक मदद की थी। इसके बाद उनका महिला के घर आना-जाना शुरू हो गया। महिला के मुताबिक, इसी दौरान दोनों के बीच फोन पर भी बातचीत होती थी और उस समय उसे पार्षद (Varanasi) की नीयत को लेकर किसी तरह का संदेह नहीं था।
अब लगातार बातचीत का दबाव बनाने का आरोप
महिला का आरोप है कि समय बीतने के साथ पार्षद का व्यवहार बदल गया। वह लगातार उसे फोन करने लगे और बातचीत करने के लिए दबाव बनाने लगे। महिला के अनुसार, उसने जब उनसे बात करने से इनकार किया तो कथित तौर पर उस पर बातचीत के लिए लगातार दबाव बनाया गया।
महिला (Varanasi) ने पुलिस को बताया कि पार्षद कथित तौर पर उससे कहते हैं कि यदि वह उनसे बात नहीं करेगी तो वह अपनी जान दे देंगे। महिला के मुताबिक, इस तरह की कथित धमकियों के कारण वह परेशान हो गई और उसने पुलिस से मामले में कार्रवाई की मांग की।
Varanasi: तहरीर पर दर्ज हुई FIR, पार्षद हिरासत में
चेतगंज थाना प्रभारी विजय कुमार शुक्ला ने बताया कि महिला की तहरीर के आधार पर बीएनएस की धारा 78(2) में मुकदमा दर्ज (Varanasi) किया गया है। पुलिस ने सपा पार्षद भइया लाल यादव को हिरासत में ले लिया है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
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थाना प्रभारी विजय कुमार शुक्ला के अनुसार, पूरे मामले की निष्पक्षता से जांच की जाएगी। जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यानी फिलहाल पुलिस (Varanasi) ने महिला के आरोपों को मुकदमे के रूप में दर्ज कर जांच का दायरा आगे बढ़ाया है।
सपा के प्रदेश सचिव के भाई हैं भइया लाल यादव
भइया लाल यादव की राजनीतिक पहचान वाराणसी के मध्यमेश्वर वार्ड के सपा पार्षद के रूप में है। वह सपा के प्रदेश सचिव लालू यादव के सगे छोटे भाई बताए गए हैं। ऐसे में पार्षद के खिलाफ दर्ज हुआ यह मुकदमा राजनीतिक स्तर पर भी चर्चा का विषय बन गया है।
पार्षद ने आरोपों को बताया झूठा
वहीं, सपा पार्षद भइया लाल यादव ने महिला की ओर से लगाए गए आरोपों को खारिज किया है। उनका कहना है कि उन्हें झूठे आरोप में फंसाया गया है। अब मामले में महिला के आरोप, पार्षद का पक्ष और पुलिस (Varanasi) जांच के दौरान सामने आने वाले साक्ष्य महत्वपूर्ण होंगे।
